Zee Entertainment ने Delhi High Court का दरवाजा खटखटाया है। कंपनी ने Reliance और Disney के जॉइंट वेंचर JioStar के खिलाफ अवमानना (Contempt) की याचिका दायर की है, जिसमें कोर्ट के पुराने आदेशों का उल्लंघन करने का आरोप लगाया गया है।
कोर्ट का रुख क्यों किया?
Zee Entertainment और Reliance-Disney के जॉइंट वेंचर JioStar के बीच का कानूनी विवाद अब और गहरा गया है। Zee ने दिल्ली हाईकोर्ट में याचिका दायर कर दावा किया है कि JioStar ने मई में जारी किए गए कोर्ट के उस इनजंक्शन (Injunction) को नजरअंदाज किया है, जिसमें Zee के कॉपीराइट वाले म्यूजिक और प्रोग्रामिंग कंटेंट के इस्तेमाल पर रोक लगाई गई थी।
आरोपों की गंभीरता
ब्रॉडकास्टर ने मई से जुलाई के बीच कथित तौर पर ऐसे 6 मामलों का हवाला दिया है। गौरतलब है कि अप्रैल में Zee ने कॉपीराइट उल्लंघन के करीब 50 मामलों के लिए $3 मिलियन (करीब ₹25 करोड़ से ज्यादा) के हर्जाने की मांग की थी। हालांकि, JioStar का कहना है कि यह उपयोग अनपेक्षित और मामूली था, लेकिन Zee का तर्क है कि उल्लंघन की यह प्रक्रिया व्यवस्थित और गंभीर है।
आगे क्या होगा?
दिल्ली हाईकोर्ट ने JioStar को इन आरोपों पर अपना जवाब दाखिल करने का निर्देश दिया है। अब इस मामले की अगली सुनवाई दिसंबर में होगी। मीडिया इंडस्ट्री में इस लड़ाई को लेकर चर्चा तेज है, क्योंकि कंटेंट राइट्स किसी भी ब्रॉडकास्टर की सबसे बड़ी संपत्ति होते हैं। ऐसे कानूनी विवादों का असर कंपनियों के लीगल खर्च और उनके कंटेंट लाइब्रेरी के मोनेटाइजेशन (Monetization) पर पड़ सकता है। मार्केट पर नजर रखने वाले निवेशक अब यह देख रहे हैं कि यह litigation भविष्य में लाइसेंसिंग रेवेन्यू और कंटेंट स्ट्रैटेजी को कैसे प्रभावित करेगा।
