Saregama India ने पहली तिमाही में **41%** की जोरदार छलांग लगाते हुए **₹51.6 करोड़** का नेट प्रॉफिट दर्ज किया है। कंपनी के रेवेन्यू में भी **27.5%** का इजाफा हुआ है, जिसका श्रेय उसके मुख्य म्यूजिक लाइसेंसिंग बिजनेस और लाइव इवेंट्स से हुई ताबड़तोड़ कमाई को जाता है।
Saregama India का दमदार प्रदर्शन
RP-Sanjiv Goenka Group की कंपनी Saregama India ने जून 2026 में खत्म हुई पहली तिमाही में शानदार वित्तीय नतीजे पेश किए हैं। कंपनी ने ₹51.6 करोड़ का कंसोलिडेटेड नेट प्रॉफिट दर्ज किया, जो पिछले साल की इसी तिमाही के ₹36.7 करोड़ की तुलना में 40.6% अधिक है। वहीं, ऑपरेशंस से रेवेन्यू 27.5% बढ़कर ₹263.6 करोड़ पर पहुंच गया।
ऑपरेशनल मार्जिन में बड़ा उछाल
कंपनी की प्रॉफिटेबिलिटी में इस तिमाही में जबरदस्त सुधार देखा गया। एडजस्टेड EBITDA, जो ब्याज, टैक्स और अन्य खर्चों को घटाने से पहले का ऑपरेशनल प्रॉफिट दिखाता है, 69% बढ़कर ₹112.4 करोड़ हो गया। इसके चलते, एडजस्टेड EBITDA मार्जिन पिछले साल की 32% से बढ़कर 42% हो गया। यह दिखाता है कि कंपनी अपनी डिजिटल और लाइव इवेंट्स के बिजनेस को बढ़ाते हुए अपने मौजूदा म्यूजिक कैटलॉग और ऑपरेशंस से ज्यादा मुनाफा कमा रही है।
रेवेन्यू के मुख्य जरिया
म्यूजिक सेगमेंट कंपनी के रेवेन्यू का मुख्य आधार बना हुआ है, जिसने इस सेगमेंट में 39% की बढ़ोतरी के साथ ₹230.6 करोड़ का रेवेन्यू दर्ज किया। Saregama ने इस तिमाही में विभिन्न भारतीय भाषाओं में 750 से ज्यादा नए गाने रिलीज किए हैं। कंपनी ने अपने आर्टिस्ट रोस्टर को भी बढ़ाकर 309 कर लिया है, जिससे स्ट्रीमिंग प्लेटफॉर्म्स और डिजिटल चैनल्स के लिए कंटेंट की लगातार सप्लाई बनी रहे।
इसके अलावा, लाइव इवेंट्स सेगमेंट में 214% की भारी बढ़ोतरी देखी गई। इस सेगमेंट में कॉन्सर्ट, भक्ति कार्यक्रम और कॉमेडी शो शामिल हैं, जो ट्रेडिशनल लाइसेंसिंग के अलावा कमाई के नए रास्ते खोल रहे हैं। कंपनी Hindustan Unilever, Visa और Myntra जैसे बड़े ब्रांड्स के साथ सहयोग करके भी रेवेन्यू में स्थिरता ला रही है।
भविष्य की रणनीति और चिंताएं
Saregama की रणनीति लगातार नए म्यूजिक कंटेंट को एक्वायर करने और प्रोड्यूस करने पर केंद्रित है, जो डिजिटल स्ट्रीमिंग के दौर में प्रतिस्पर्धी बने रहने के लिए जरूरी है। हालांकि, यह निवेश कंपनी के लिए एक बड़ा खर्च भी है। ऐसे में, निवेशक यह देखेंगे कि कंपनी कंटेंट से जुड़े इन खर्चों को मैनेज करते हुए अपने प्रॉफिट मार्जिन को कैसे बनाए रखती है। लाइव इवेंट्स सेगमेंट में देखी गई विस्फोटक ग्रोथ की स्थिरता पर भी नजर रखनी होगी, क्योंकि यह बिजनेस मौसमी मांग और इवेंट से जुड़े खर्चों के प्रति संवेदनशील हो सकता है। आने वाली तिमाहियों में कंपनी के प्रदर्शन को समझने के लिए म्यूजिक लाइसेंसिंग की कीमतों और डिजिटल ऑडियंस तक पहुंच के बारे में मैनेजमेंट की टिप्पणी महत्वपूर्ण होगी।
