OnlyFans के फाउंडर Leonid Radvinsky का मार्च 2026 में निधन हो गया है। कंपनी अब एक फैमिली ट्रस्ट के जरिए संचालित हो रही है और इसकी वैल्यूएशन **$3.15 बिलियन** आंकी गई है। भारतीय निवेशकों के लिए अहम बात यह है कि यह कंपनी शेयर बाजार में लिस्टेड नहीं है।
टेक्नोलॉजी और एंटरटेनमेंट सेक्टर के लिए एक बड़ी खबर है। OnlyFans की पैरेंट कंपनी, Fenix International के मालिक Leonid Radvinsky का 43 साल की उम्र में कैंसर के चलते निधन हो गया है। अब कंपनी की कमान उनकी पत्नी Katie Chudnovsky के नेतृत्व में एक फैमिली ट्रस्ट के हाथों में है।
शानदार फाइनेंशियल परफॉर्मेंस
नवंबर 2025 में खत्म हुए फाइनेंशियल ईयर के आंकड़ों के अनुसार, कंपनी ने $1.6 बिलियन का एनुअल रेवेन्यू जेनरेट किया है, जो पिछले साल के मुकाबले 10% ज्यादा है। कंपनी का प्री-टैक्स प्रॉफिट $715 मिलियन रहा, जिसमें 5% की बढ़ोतरी दर्ज की गई। Radvinsky ने 2025 फाइनेंशियल ईयर के लिए $535 मिलियन का डिविडेंड लिया था, जबकि 2026 की शुरुआत में उन्हें $174 मिलियन का और डिविडेंड मिला था।
वैल्यूएशन में बड़ा बदलाव
अप्रैल 2026 में सैन फ्रांसिस्को की निवेश फर्म Architect Capital ने कंपनी में 16% हिस्सेदारी खरीदी है। इस डील से कंपनी की कुल वैल्यूएशन $3.15 बिलियन के आसपास पहुंच गई है। यह आंकड़ा कंपनी की मार्केट वर्थ का एक बेंचमार्क तो है, लेकिन ध्यान रहे कि कंपनी अभी भी प्राइवेट है।
भारतीय निवेशकों के लिए जरूरी जानकारी
अगर आप भारतीय शेयर बाजार के निवेशक हैं, तो यह स्पष्ट होना चाहिए कि OnlyFans एक प्राइवेट कंपनी है। यह न तो NSE पर और न ही BSE पर लिस्टेड है। इसके शेयर किसी भी पब्लिक एक्सचेंज पर ट्रेड नहीं होते, इसलिए कोई भी रिटेल इन्वेस्टर इसे स्टॉक ब्रोकर के जरिए नहीं खरीद सकता।
कंपनी का रिस्क प्रोफाइल
OnlyFans का मॉडल बहुत ही लीन है, जहां सिर्फ 47 फुल-टाइम कर्मचारी 40 करोड़ से ज्यादा अकाउंट्स को मैनेज करते हैं। हालांकि, कंपनी को 1,500 कॉन्ट्रैक्टर्स की मदद लेनी पड़ती है। इसके अलावा, एडल्ट कंटेंट सेक्टर में होने के कारण इस पर रेगुलेटरी दबाव बना रहता है, जो संस्थागत निवेशकों (Institutional Investors) के लिए ESG मानकों के तहत निवेश में बाधा बन सकता है।
