MPS Limited Share Price: निवेशकों की बल्ले-बल्ले! Q1 में 43% उछला मुनाफा, शेयर **20%** भागा

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AuthorSaanvi Reddy|Published at:
MPS Limited Share Price: निवेशकों की बल्ले-बल्ले! Q1 में 43% उछला मुनाफा, शेयर **20%** भागा

MPS Limited के शेयर आज **20%** के अपर सर्किट पर पहुंच गए। कंपनी ने पहली तिमाही (Q1) में अपने नेट प्रॉफिट में पिछले साल के मुकाबले **43%** की शानदार बढ़ोतरी दर्ज की है, जो कि **₹50.39 करोड़** रहा। इसके साथ ही, कंपनी सिंगापुर में **₹1 करोड़** के निवेश से एक नई सब्सिडियरी (Subsidiary) शुरू कर अपनी ग्लोबल पहुंच बढ़ाने की तैयारी में है।

Detailed Coverage

Q1 में कंपनी का प्रदर्शन कैसा रहा?

आज के कारोबारी सत्र में MPS Limited के शेयर नेशनल स्टॉक एक्सचेंज (NSE) पर 20% बढ़कर ₹2,564 के स्तर पर पहुंच गए, जो कि अपर सर्किट की सीमा है। यह उछाल कंपनी के वित्तीय नतीजों के ऐलान के बाद आया है। 2026-27 के फाइनेंशियल ईयर की पहली तिमाही (अप्रैल-जून 2026) में कंपनी के नतीजों ने निवेशकों को काफी उत्साहित किया है।

कंपनी ने इस तिमाही में ₹224.24 करोड़ का रेवेन्यू दर्ज किया, जो पिछले साल की इसी अवधि के ₹186.28 करोड़ की तुलना में 20.38% ज्यादा है। मुनाफे की बात करें तो नेट प्रॉफिट आफ्टर टैक्स में 42.99% की जोरदार बढ़ोतरी हुई और यह ₹35.24 करोड़ से बढ़कर ₹50.39 करोड़ पर पहुंच गया। वहीं, EBITDA (ब्याज, टैक्स, डेप्रिसिएशन और एमोर्टाइजेशन से पहले की कमाई) में 53.03% का इजाफा हुआ, जो ₹76.96 करोड़ रहा।

निवेशकों के लिए ये नतीजे इस बात का संकेत हैं कि कंपनी लागतों को कंट्रोल करते हुए अपने रेवेन्यू को बढ़ा रही है। MPS लिमिटेड पब्लिशिंग और एजुकेशनल सेक्टर के लिए प्लेटफॉर्म और कंटेंट सॉल्यूशंस मुहैया कराती है और डिजिटल ट्रांसफॉर्मेशन व कंटेंट सर्विसेज पर फोकस कर रही है।

सिंगापुर में विस्तार की योजना

तिमाही नतीजों के साथ-साथ, कंपनी के बोर्ड ने सिंगापुर में एक पूरी तरह से अपनी सब्सिडियरी (wholly-owned subsidiary) स्थापित करने को मंजूरी दे दी है। इस नई कंपनी के लिए ₹1 करोड़ का निवेश किश्तों में किया जाएगा, जो इसकी शुरुआती पूंजी की जरूरतों को पूरा करेगा। कंपनी के फाइलिंग के अनुसार, इस कदम से MPS को अंतरराष्ट्रीय बाजारों में अपनी उपस्थिति बढ़ाने में मदद मिलेगी।

इस विस्तार के लिए फॉरेन एक्सचेंज मैनेजमेंट एक्ट (FEMA) और भारतीय रिजर्व बैंक (RBI) के विदेशी निवेश संबंधी दिशानिर्देशों का पालन करना होगा। सिंगापुर सब्सिडियरी की सफलता इस बात पर निर्भर करेगी कि वह नए क्लाइंट्स को कितना आकर्षित कर पाती है और स्थानीय पब्लिशिंग इकोसिस्टम में कितनी अच्छी तरह से एकीकृत हो पाती है। सिंगापुर अंतरराष्ट्रीय मीडिया और कंटेंट बिजनेस का एक अहम केंद्र है।

निवेशकों के लिए खास बातें

Q1 के नतीजे भले ही मजबूत हों, लेकिन निवेशकों को यह देखना होगा कि कंटेंट और प्लेटफॉर्म सर्विसेज सेक्टर में कड़ी प्रतिस्पर्धा के बीच कंपनी अपने प्रॉफिट मार्जिन्स को कैसे बनाए रखती है। सिंगापुर में विस्तार एक स्ट्रैटेजिक कदम है, लेकिन इसका असली असर कंपनी के बैलेंस शीट और मुनाफे पर आने वाले समय में ही दिखेगा। इस प्रोजेक्ट की टाइमलाइन और भविष्य में होने वाले अतिरिक्त निवेशों पर नजर रखना लंबी अवधि के रिटर्न का आकलन करने के लिए महत्वपूर्ण होगा।

Disclaimer: This article is published for informational purposes only. This is not a buy sell recommendation.