केरल एक्साइज डिपार्टमेंट ने 'ऑपरेशन थंडर' के तहत 'KB कार्टेल' नामक एक बड़े ड्रग रैकेट का पर्दाफाश किया है, जिसमें 9 लोगों को गिरफ्तार किया गया है। यह गिरोह हर महीने केरल में **20 किलोग्राम** तक MDMA तस्करी करने की फिराक में था। इस कार्रवाई से सिंथेटिक ड्रग्स की तस्करी पर लगाम लगाने की चुनौती और कानून प्रवर्तन एजेंसियों के बीच अंतर-राज्यीय समन्वय की ज़रूरत साफ होती है।
'KB कार्टेल' का पर्दाफाश, 9 गिरफ्तार
केरल एक्साइज डिपार्टमेंट ने 'ऑपरेशन थंडर' के तहत 'KB कार्टेल' नाम के एक बड़े सिंथेटिक ड्रग तस्करी नेटवर्क को खत्म कर दिया है। इस बड़ी कार्रवाई में 9 लोगों को गिरफ्तार किया गया है, जिनमें 2 महिलाएं भी शामिल हैं। जांच में पता चला है कि यह गिरोह केरल और अन्य राज्यों में फैला हुआ था।
कैसे हुआ खुलासा?
खुफिया जानकारी के आधार पर, अधिकारियों को पता चला कि यह सिंडिकेट हर महीने 5 से 20 किलोग्राम तक Methylenedioxymethamphetamine (MDMA) केरल में तस्करी करने की योजना बना रहा था। जांच की शुरुआत कोंडोट्टी इलाके से हुई, जहां 20 साल की एक महिला और उसके साथी के पास से 3.5 किलोग्राम MDMA जब्त किया गया। इसी सुराग के आधार पर, अधिकारियों ने महाराष्ट्र, पश्चिम बंगाल और तमिलनाडु में भी कार्रवाई की, जिससे पूरे नेटवर्क का खुलासा हुआ।
'मायांगिला केरल' अभियान का हिस्सा
यह कार्रवाई राज्य के 'मायांगिला केरल' (Mayangilla Kerala) एंटी-नारकोटिक्स अभियान का हिस्सा है, जिसका मकसद राज्य में बढ़ते सिंथेटिक ड्रग्स के दुरुपयोग को रोकना है। अधिकारियों का कहना है कि अंतर-राज्यीय तस्करी कानून लागू करने वाली एजेंसियों के लिए एक बड़ी चुनौती है, क्योंकि तस्कर अक्सर राज्यों के बीच की सीमाओं का फायदा उठाते हैं। नारकोटिक ड्रग्स एंड साइकोट्रोपिक सब्सटेंस (NDPS) एक्ट के तहत ऐसे मामलों में जांच और कानूनी प्रक्रियाओं के लिए राज्य एक्साइज विभागों और केंद्रीय एजेंसियों के बीच मजबूत समन्वय की आवश्यकता होती है।
'ऑपरेशन थंडर' की सफलता यह दर्शाती है कि कानून प्रवर्तन पर राज्य में गहरी पैठ रखने वाली ड्रग सप्लाई लाइनों की निगरानी का दबाव लगातार बढ़ रहा है। साल 2026 में भी राज्य पुलिस और राजस्व खुफिया निदेशालय (DRI) के नेतृत्व में ऐसे कई अभियान चलाए गए थे, जिनका मकसद भी ऐसे ही नेटवर्कों को खत्म करना और सार्वजनिक व शैक्षणिक स्थानों पर निगरानी बढ़ाना था। राज्य के नियामक परिदृश्य पर नजर रखने वालों के लिए, ऐसे कार्टेल के खिलाफ लगातार की जाने वाली कार्रवाई सामाजिक व्यवस्था और सार्वजनिक सुरक्षा बनाए रखने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाती है। अधिकारियों के अगले कदम में गिरफ्तार लोगों पर मुकदमा चलाना और यह जांचना शामिल होगा कि क्या 'KB कार्टेल' से जुड़ी कोई अन्य सप्लाई लाइन अभी भी सक्रिय है।
