Sindhuja Microcredit ने अपने बिजनेस विस्तार के लिए NCD के जरिए **₹100 करोड़** जुटाए हैं, जबकि Carlsberg India को **₹6,600 करोड़** के IPO के लिए बाजार नियामक SEBI से मंजूरी मिल गई है।
भारतीय बाजार में आज दो बड़े घटनाक्रम देखने को मिले, जिसने निवेशकों का ध्यान खींचा है। एक तरफ माइक्रोफाइनेंस सेक्टर की कंपनी Sindhuja Microcredit ने पूंजी जुटाई है, तो दूसरी तरफ दिग्गज मल्टीनेशनल कंपनी Carlsberg India ने पब्लिक लिस्टिंग की राह साफ कर ली है।
Sindhuja Microcredit ने मजबूत किया कैपिटल बेस
Sindhuja Microcredit ने नॉन-कन्वर्टिबल डिबेंचर (NCD) के माध्यम से ₹100 करोड़ की राशि जुटाई है। यह फंड कंपनी के कर्ज देने के कामकाज को रफ्तार देने में मदद करेगा। 31 अगस्त 2026 तक, कंपनी का एसेट्स अंडर मैनेजमेंट ₹1,059 करोड़ रहा है और यह 12 राज्यों में 361 शाखाओं के जरिए 3 लाख से अधिक ग्राहकों को सेवाएं दे रही है। हालांकि, माइक्रोफाइनेंस सेक्टर में इंडस्ट्री-वाइड 24% की गिरावट आई है, लेकिन कंपनी ने इसे 13% तक सीमित रखा है और फरवरी 2026 से लगातार मुनाफे में बनी हुई है।
Carlsberg India का मेगा IPO
दिग्गज बीयर निर्माता Carlsberg India को SEBI से ₹6,600 करोड़ के IPO के लिए मंजूरी मिल गई है। यह पूरी तरह से ऑफर-फॉर-सेल (OFS) होगा, जिसका मतलब है कि मौजूदा प्रमोटर कंपनी यानी डेनमार्क की Carlsberg Group अपनी हिस्सेदारी बेचेगी, न कि कंपनी नए शेयर जारी करेगी। निवेशकों को यह ध्यान रखना चाहिए कि OFS से मिलने वाला पैसा कंपनी के पास नहीं बल्कि बेचने वाले शेयरधारकों के पास जाएगा।
इसके अलावा, SEBI ने Matangi Rubber, Ujin Pharma और TMC Transformer (India) को भी IPO के लिए मंजूरी दे दी है। अब बाजार की नजरें Carlsberg के IPO की तारीख और इश्यू प्राइस पर टिकी होंगी।
