Sahajanand Medical Technologies का **₹475.48 करोड़** का IPO पहले दिन निवेशकों के बीच चर्चा में है। 19 अक्टूबर को मिड-डे तक यह **1.34 गुना** सब्सक्राइब हो चुका है। कंपनी मुख्य रूप से कार्डियोवैस्कुलर डिवाइस जैसे स्टेंट और TAVI सिस्टम बनाने के काम में लगी है।
बाजार में शुरुआती रुझान
नेशनल स्टॉक एक्सचेंज (NSE) के आंकड़ों के मुताबिक, IPO को लेकर रिटेल और नॉन-इंस्टीट्यूशनल इन्वेस्टर्स (NII) काफी सक्रिय दिख रहे हैं। नॉन-इंस्टीट्यूशनल कैटेगरी में 1.8 गुना और रिटेल इन्वेस्टर्स की ओर से 1.32 गुना सब्सक्रिप्शन दर्ज किया गया है।
क्या है कंपनी का बिजनेस मॉडल?
Sahajanand Medical Technologies कार्डियोवैस्कुलर सेगमेंट में एक बड़ा नाम है। कंपनी कोरोनरी स्टेंट, बैलून और TAVI (ट्रांसकैथेटर एओर्टिक वाल्व इम्प्लांटेशन) जैसे मेडिकल उपकरण बनाती है। दिल के इलाज में इस्तेमाल होने वाले इन हाई-टेक प्रोडक्ट्स की बाजार में काफी डिमांड रहती है, हालांकि ग्लोबल कंपनियों से यहां कड़ी प्रतिस्पर्धा भी है।
OFS की सच्चाई: निवेशकों के लिए क्या है खास?
निवेशकों को यह समझना होगा कि यह पूरा ₹475.48 करोड़ का इश्यू सिर्फ 'ऑफर फॉर सेल' (OFS) है। इसका मतलब यह है कि पूरा पैसा मौजूदा शेयरहोल्डर्स की जेब में जाएगा, न कि कंपनी के विस्तार के लिए बिजनेस में निवेश होगा।
एंकर निवेशकों का भरोसा
IPO के पब्लिक खुलने से पहले ही कंपनी ने एंकर राउंड में ₹140.06 करोड़ जुटा लिए थे। इसमें Nippon Life India, DSP Mutual Fund, WhiteOak Capital, Invesco India, UTI AMC और Tata AIA Life Insurance जैसे बड़े नाम शामिल हैं, जो कंपनी के प्रति बड़े इंस्टीट्यूशंस के भरोसे को दर्शाता है।
रिस्क और ग्रे मार्केट
ग्रे मार्केट में फिलहाल 8% का प्रीमियम दिख रहा है, लेकिन निवेशकों को इसे केवल एक अनौपचारिक इंडिकेटर ही मानना चाहिए। मेडिकल डिवाइस सेक्टर में विदेशी कंपनियों का दबाव और रेगुलेटरी बदलाव कंपनी के भविष्य पर असर डाल सकते हैं। इस इश्यू को Motilal Oswal Investment Advisors, Avendus Capital, HSBC Securities और Nuvama Wealth Management मैनेज कर रहे हैं।
