National Stock Exchange (NSE) का IPO दूसरे दिन **52%** भर चुका है। एंप्लॉयी कोटा और नॉन-इंस्टीट्यूशनल कैटेगरी में जबरदस्त रिस्पॉन्स देखा गया है, जबकि बड़े निवेशकों की एंट्री का इंतजार है। याद रखें, यह पूरी तरह से ऑफर फॉर सेल (OFS) है।
आंकड़ों की बाजीगरी
₹22,562 करोड़ का यह मेगा IPO बाजार में काफी चर्चा में है। दूसरे दिन की समाप्ति तक निवेशकों ने 4.57 करोड़ शेयरों के लिए बोली लगाई, जबकि कुल ऑफर 8.86 करोड़ शेयरों का है। 17 सितंबर को खुला यह इश्यू पूरी तरह से ऑफर फॉर सेल है, जिसका मतलब है कि सारा पैसा मौजूदा शेयरधारकों की जेब में जाएगा, न कि कंपनी के विस्तार में।
कैटेगिरी के हिसाब से हाल
नॉन-इंस्टीट्यूशनल इन्वेस्टर्स (NII) ने इस बार बाजी मार ली है, जिनका कोटा 90% तक भर चुका है। वहीं, रिटेल निवेशकों का कोटा 53% सब्सक्राइब हुआ है और कर्मचारियों (Employees) का कोटा 1.14 गुना भरकर फुल हो गया है।
QIB और ग्रे मार्केट का मूड
क्वालीफाइड इंस्टीट्यूशनल बायर्स (QIB) की भागीदारी फिलहाल 19% पर है। आमतौर पर बड़े निवेशक आखिरी दिन दांव लगाते हैं, इसलिए यह आंकड़ा अभी और बढ़ने की उम्मीद है। कंपनी पहले ही एंकर निवेशकों से ₹6,746.18 करोड़ जुटा चुकी है।
शेयर का प्राइस बैंड ₹1,700 से ₹1,785 तय किया गया है। अगर ग्रे मार्केट (GMP) की बात करें, तो इसमें गिरावट देखने को मिली है। प्रीमियम घटकर ₹142 रह गया है, जो लिस्टिंग पर 8% के फायदे का संकेत है। ध्यान रहे, यह प्रीमियम पहले ₹310 के हाई पर था, इसलिए बाजार की वोलेटिलिटी को ध्यान में रखकर ही फैसला लें।
