Lumino Industries का शेयर 3 सितंबर 2026 को शेयर बाजार में दस्तक देने के लिए तैयार है। कंपनी के IPO को निवेशकों से जबरदस्त रिस्पॉन्स मिला था, जिसके बाद इसे **₹82** प्रति शेयर के भाव पर फिक्स किया गया है।
बाजार में धाकड़ एंट्री की तैयारी
Lumino Industries अपने बहुप्रतीक्षित IPO के सफल समापन के बाद 3 सितंबर 2026 को NSE और BSE पर लिस्ट होने जा रही है। निवेशकों के भारी उत्साह के चलते इसका IPO 118.12 गुना सब्सक्राइब हुआ था, जिसके बाद कंपनी ने ₹82 का इश्यू प्राइस तय किया है। कुल ₹700 करोड़ के इस इश्यू में ₹500 करोड़ का फ्रेश इश्यू और ₹200 करोड़ का ऑफर फॉर सेल (OFS) शामिल है, जो कंपनी के विस्तार के लिए नई पूंजी जुटाने में मदद करेगा।
कंपनी का कारोबार और फाइनेंशियल हेल्थ
पावर ट्रांसमिशन और डिस्ट्रिब्यूशन सेक्टर में काम करने वाली Lumino Industries केबल और कंडक्टर बनाने के साथ-साथ इंजीनियरिंग प्रोजेक्ट्स भी एग्जीक्यूट करती है। फाइनेंशियल ईयर 2026 में कंपनी ने ₹2,041.07 करोड़ का रेवेन्यू और ₹160 करोड़ का नेट प्रॉफिट दर्ज किया है, जो इंफ्रास्ट्रक्चर क्षेत्र में इसकी मजबूत पकड़ को दर्शाता है।
निवेशकों के लिए चेतावनी और रिस्क
लिस्टिंग के उत्साह के बीच, निवेशकों को EPC बिजनेस मॉडल से जुड़े रिस्क को भी समझना चाहिए। कंपनी के कुल रेवेन्यू का 53% हिस्सा सरकारी प्रोजेक्ट्स से आता है, जिससे सरकारी नीतियों में बदलाव का सीधा असर कंपनी के ऑर्डर बुक पर पड़ सकता है। इसके अलावा, कंपनी का काम वर्किंग कैपिटल पर काफी निर्भर करता है, जिससे पेमेंट में देरी होने पर कैश फ्लो पर दबाव बन सकता है।
साथ ही, कच्चे माल जैसे एल्युमीनियम, कॉपर और स्टील की कीमतों में उतार-चढ़ाव कंपनी के मार्जिन को प्रभावित कर सकते हैं। कंपनी पर कर्ज का बोझ भी है, जिसे मैनेज करना भविष्य के लिए बड़ी चुनौती होगी। लिस्टिंग के बाद निवेशकों को कंपनी के ऑर्डर बुक और डेट मैनेजमेंट पर कड़ी नजर रखनी चाहिए।
