QIBs की ज़बरदस्त मांग ने IPO को दिलाई रफ्तार!
OnEMI Technology Solutions Limited (Kissht) का IPO तीसरे दिन तक 5.09 गुना सब्सक्राइब हो चुका है, और इसकी मुख्य वजह Qualified Institutional Buyers (QIBs) का जबरदस्त इंटरेस्ट रहा है। QIBs ने अपने लिए रखे गए कोटे को 13.01 गुना से भी ज़्यादा सब्सक्राइब किया है, जो कंपनी के बिज़नेस मॉडल और भविष्य की ग्रोथ पोटेंशियल पर निवेशकों के गहरे भरोसे का संकेत है।
Non-Institutional Investors (NIIs) सेगमेंट में भी अच्छी खासी तेजी देखी गई है। कुल मिलाकर NIIs का हिस्सा 4.67 गुना सब्सक्राइब हुआ, जिसमें bNII कैटेगरी 6.11 गुना की रफ्तार से भरी है।
हालांकि, तीसरे दिन तक रिटेल निवेशकों की भागीदारी 0.74 गुना रही है। लेकिन, बाजार के जानकारों का मानना है कि रिटेल निवेशक अक्सर इश्यू बंद होने के करीब, कुल सब्सक्रिप्शन की तस्वीर साफ होने के बाद ही अपना निवेश निर्णय लेते हैं, इसलिए आने वाले दिनों में इस सेगमेंट से भी मांग बढ़ने की उम्मीद है।
यह मजबूत मोमेंटम एक हाई-क्वालिटी एंकर बुक और डोमेस्टिक म्यूचुअल फंड्स व ग्लोबल इंस्टीट्यूशनल इन्वेस्टर्स की लगातार भागीदारी का नतीजा है। QIB सेगमेंट में इंस्टीट्यूशनल डिमांड का पैमाना इस इश्यू की एक खास पहचान रहा है।
बाजार विश्लेषकों का कहना है कि इंस्टीट्यूशनल सेगमेंट में इतनी मजबूत ओवरसब्सक्रिप्शन, NII कैटेगरी में स्वस्थ भागीदारी के साथ मिलकर, इस इश्यू पर व्यापक विश्वास को दर्शाता है और क्लोजर की ओर बढ़ते हुए इसे मजबूत स्थिति में लाता है।
प्रमुख ब्रोकरेज हाउस ने कंपनी के स्केलेबल डिजिटल लेंडिंग प्लेटफॉर्म, बढ़ते कस्टमर बेस और सुधरते प्रॉफिटेबिलिटी मेट्रिक्स को भी इसके आउटलुक को सपोर्ट करने वाले मुख्य कारक बताया है। Kissht ने पिछले कुछ सालों में शानदार ऑपरेशनल ग्रोथ दिखाई है, जहां एसेट्स अंडर मैनेजमेंट (AUM) फाइनेंशियल ईयर 2023 के ₹12,679 मिलियन से बढ़कर 9MFY26 तक ₹59,557 मिलियन हो गया है। साथ ही, कंपनी का कस्टमर बेस 11 मिलियन से अधिक है।
₹162 से ₹171 प्रति शेयर के प्राइस बैंड वाले इस IPO में निवेशकों की दिलचस्पी लगातार बनी हुई है।
