Jio Platforms के निवेशकों के लिए बड़ी खबर है। कंपनी को मार्केट रेगुलेटर SEBI से IPO के लिए मंजूरी मिल गई है। यह देश का अब तक का सबसे बड़ा IPO हो सकता है। यह पूरा का पूरा फ्रेश इश्यू है, जिसका इस्तेमाल कंपनी अपनी सब्सिडियरी Reliance Jio Infocomm का कर्ज चुकाने में करेगी।
IPO की पूरी तैयारी
Reliance Industries की डिजिटल और टेलीकॉम आर्म, Jio Platforms को अब SEBI से आधिकारिक ऑब्जर्वेशन लेटर मिल गया है। इस मंजूरी के साथ ही कंपनी के पास अगले 12 महीने का समय है जब वह इस लिस्टिंग को मार्केट में उतार सकती है। टाइमिंग पूरी तरह से मार्केट कंडीशंस और इन्वेस्टर्स के मूड पर निर्भर करेगी।
क्या है इश्यू की खासियत?
यह IPO करीब ₹37,700 करोड़ का होगा, जिसमें 27 करोड़ नए शेयर जारी किए जाएंगे। सबसे बड़ी बात यह है कि इसमें कोई 'ऑफर फॉर सेल' (OFS) नहीं है, यानी पुराने प्रमोटर्स या इन्वेस्टर्स जैसे Meta और Google अपना स्टेक नहीं बेच रहे हैं। यह कंपनी का अपने मौजूदा निवेशकों के प्रति भरोसे का संकेत है।
दमदार फाइनेंशियल परफॉर्मेंस
कंपनी ने फाइनेंशियल ईयर 2026 के जो आंकड़े पेश किए हैं, वे काफी मजबूत हैं। Jio Platforms ने ₹1.47 लाख करोड़ का एनुअल रेवेन्यू दर्ज किया है। वहीं, EBITDA ₹76,255 करोड़ रहा, जो कंपनी के बेहतरीन 51.9% के ऑपरेटिंग मार्जिन को दर्शाता है।
कर्ज घटाने पर फोकस
जुटाए जाने वाले फंड में से ₹27,500 करोड़ का इस्तेमाल सीधे तौर पर Reliance Jio Infocomm के कर्ज को चुकाने में होगा। इससे इंटरेस्ट कॉस्ट कम होगी और कंपनी का बैलेंस शीट और भी मजबूत होगा। बाकी बची रकम का इस्तेमाल सामान्य कॉर्पोरेट उद्देश्यों और इंफ्रास्ट्रक्चर प्रोजेक्ट्स में किया जाएगा। फिलहाल, पेरेंट कंपनी Reliance Industries के शेयर ₹1,288 के आसपास ट्रेड कर रहे हैं। अब मार्केट की नजर इस बात पर है कि कंपनी कब इसकी तारीख और प्राइस बैंड का ऐलान करती है।
