प्रिसिजन इंजीनियरिंग कंपनी Indo-MIM का ₹3,811 करोड़ का IPO 23 जुलाई को सब्सक्रिप्शन के लिए खुलेगा। शेयर का प्राइस बैंड ₹461-485 प्रति शेयर तय किया गया है। कंपनी फ्रेश इश्यू से ₹400 करोड़ कर्ज चुकाने में इस्तेमाल करेगी। ग्रे मार्केट में शेयर **40%** के प्रीमियम पर ट्रेड कर रहे हैं, जो मजबूत शुरुआती रुचि दिखा रहा है।
Detailed Coverage
Indo-MIM IPO: क्या है खास?
बेंगलुरु की प्रिसिजन इंजीनियरिंग फर्म Indo-MIM अपना इनिशियल पब्लिक ऑफरिंग (IPO) 23 जुलाई को लॉन्च कर रही है। कंपनी इस पब्लिक इश्यू के जरिए कुल ₹3,811.21 करोड़ जुटाने का लक्ष्य रखती है। यह इश्यू 27 जुलाई तक खुला रहेगा। निवेशक कम से कम 30 शेयर या एक लॉट के लिए ऊपरी प्राइस बैंड ₹485 पर बोली लगा सकते हैं, जिसके लिए ₹14,550 का निवेश करना होगा।
IPO की संरचना
इस IPO में ₹500 करोड़ का फ्रेश इश्यू और ₹3,312 करोड़ का ऑफर फॉर सेल (OFS) शामिल है। OFS में मौजूदा शेयरधारक जैसे Green Meadows Investments, Anuradha Koduri और Indian Institute of Technology Madras अपनी हिस्सेदारी बेचेंगे। बता दें कि फ्रेश इश्यू का साइज पहले ₹1,000 करोड़ था, जिसे घटाकर ₹500 करोड़ कर दिया गया है।
मजबूत वित्तीय प्रदर्शन
कंपनी का वित्तीय प्रदर्शन काफी मजबूत दिख रहा है। फाइनेंशियल ईयर 2026 में, Indo-MIM ने ₹533.5 करोड़ का मुनाफा दर्ज किया, जो पिछले साल की तुलना में 26% ज्यादा है। वहीं, रेवेन्यू भी 26% बढ़कर ₹4,193 करोड़ हो गया। IPO के बाद, ऊपरी प्राइस बैंड पर कंपनी का अनुमानित मार्केट कैपिटलाइजेशन लगभग ₹23,981.4 करोड़ होगा।
कर्ज घटाने पर फोकस
IPO से जुटाई गई राशि का एक बड़ा हिस्सा कर्ज चुकाने में इस्तेमाल होगा। ₹500 करोड़ के फ्रेश इश्यू में से ₹400 करोड़ का उपयोग कंपनी अपने मौजूदा ऋणों को चुकाने के लिए करेगी। मई 2026 तक, कंपनी पर ₹1,212.3 करोड़ का कंसोलिडेटेड कर्ज था। इस कर्ज को कम करने से कंपनी की वित्तीय स्थिति और मजबूत होगी।
ग्रे मार्केट का रुझान और लिस्टिंग
ग्रे मार्केट में Indo-MIM के शेयर 40% के प्रीमियम पर, यानी लगभग ₹194 प्रति शेयर पर ट्रेड कर रहे हैं। हालांकि, यह ध्यान रखना महत्वपूर्ण है कि ग्रे मार्केट प्रीमियम अनौपचारिक होते हैं और बाजार की मांग के अनुसार बदल सकते हैं। शेयरों का फाइनल अलॉटमेंट 28 जुलाई को होने की उम्मीद है, और स्टॉक 30 जुलाई को BSE और NSE पर लिस्ट होगा।
भविष्य की राह
इस इश्यू को HDFC Bank, Axis Capital, ICICI Securities, Kotak Mahindra Capital Company और SBI Capital Markets जैसे बड़े इन्वेस्टमेंट बैंक सपोर्ट कर रहे हैं। निवेशकों की नजरें अब कंपनी की ग्रोथ को बनाए रखने की क्षमता और जुटाई गई पूंजी के प्रभावी इस्तेमाल पर रहेंगी।
