IPO की आंधी में फंसा बाजार: क्या Secondary Market में लिक्विडिटी का संकट शुरू हो गया है?

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AuthorNeha Patil|Published at:
IPO की आंधी में फंसा बाजार: क्या Secondary Market में लिक्विडिटी का संकट शुरू हो गया है?

भारतीय शेयर बाजार में इस वक्त जबरदस्त उथल-पुथल है। बड़ी मात्रा में पूंजी पुरानी कंपनियों से निकलकर नए IPOs की तरफ जा रही है, जिससे मार्केट में लिक्विडिटी का संकट खड़ा हो गया है। SEBI की डेडलाइन के कारण कंपनियां **30 सितंबर** से पहले लिस्ट होने की जल्दी में हैं, जिससे निवेशकों के लिए संतुलन बनाना मुश्किल हो गया है।

जुलाई और अगस्त 2026 के बीच भारतीय बाजार में एक बड़ा बदलाव देखा गया है। कंपनियां और सरकार मिलकर IPOs, QIPs और ऑफर फॉर सेल के जरिए ₹1.11 लाख करोड़ से अधिक जुटा चुकी हैं। इस भारी फंड डाइवर्जन ने सेकेंडरी मार्केट में लिक्विडिटी को सुखा दिया है, जिससे मौजूदा शेयरों की कीमतों को सपोर्ट मिलना मुश्किल हो रहा है।

रेगुलेटरी डेडलाइन का दबाव

इस हड़बड़ी के पीछे का मुख्य कारण SEBI की मंजूरियों का एक्सपायर होना है। करीब 25 कंपनियां अपनी लिस्टिंग की मंजूरी खोने से बचने के लिए एक साथ बाजार में उतर रही हैं। यह डेडलाइन 30 सितंबर, 2026 की है, जिससे निवेशकों को नए इश्यूज सब्सक्राइब करने और पुराने पोर्टफोलियो को बचाने के बीच कठिन चुनाव करना पड़ रहा है।

पोर्टफोलियो पर असर और एक्सपर्ट की राय

बाजार में बढ़ती थकान का असर इंडेक्स पर साफ दिख रहा है। Helios Capital के समीर अरोड़ा ने तो यहां तक सुझाव दिया है कि म्यूचुअल फंड्स को एक महीने के लिए नए इश्यूज का बॉयकॉट करना चाहिए। उनका मानना है कि बाजार की सोखने की क्षमता (Absorbing Capacity) से कहीं ज्यादा सप्लाई आ रही है।

वैल्यूएशन और क्वालिटी का जोखिम

जल्दबाजी में लिस्ट होने वाली कंपनियों के वैल्युएशन पर भी सवाल उठ रहे हैं। इसके अलावा, सितंबर में कई हालिया लिस्टिंग का लॉक-इन पीरियड भी खत्म हो रहा है, जिससे उन स्टॉक्स में और ज्यादा उतार-चढ़ाव देखने को मिल सकता है। प्रमोटर्स और प्राइवेट इक्विटी फर्म्स अपने मुनाफे को भुनाने के लिए निकल रहे हैं, ऐसे में रिटेल निवेशकों को सावधानी बरतने की जरूरत है।

अब बाजार की असली परीक्षा यह है कि क्या यह भारी सप्लाई को संभाल पाएगा या फिर वैल्यूएशन्स को रिसेट करने के लिए बाजार को करेक्शन का सहारा लेना पड़ेगा।

Disclaimer: This article is published for informational purposes only. This is not a buy sell recommendation.