NSE के बहुप्रतीक्षित IPO की खबरों के बीच आज IFCI और New India Assurance के शेयरों में जबरदस्त उछाल देखने को मिला है। हालांकि एक्सचेंज को SEBI से मंजूरी मिल गई है, लेकिन निवेशकों को अभी सतर्क रहने की जरूरत है क्योंकि यह तेजी मुख्य रूप से अटकलों पर आधारित है।
बाजार में क्यों आई हलचल?
बुधवार के कारोबारी सत्र में IFCI Ltd और New India Assurance Company (NIACL) के शेयरों में जोरदार एक्शन दिखा। इसकी मुख्य वजह नेशनल स्टॉक एक्सचेंज (NSE) का बहुप्रतीक्षित IPO है, जिसके इस महीने के अंत तक आने की उम्मीद है। निवेशक इस बात से उत्साहित हैं कि इन कंपनियों के पास NSE में हिस्सेदारी है, जिसकी वैल्यूएशन अनलॉक होने से इन्हें बड़ा फायदा हो सकता है।
कंपनियों का NSE से कनेक्शन
- New India Assurance: कंपनी के पास NSE में 1.42% की सीधी हिस्सेदारी है।
- IFCI: कंपनी का निवेश इनडायरेक्ट है। यह Stock Holding Corporation of India Ltd (SHCIL) में 52% हिस्सेदारी रखती है, और SHCIL के पास NSE की 4.4% हिस्सेदारी है।
IPO का गणित और रिस्क
NSE ने 17 जून, 2026 को अपना ड्राफ्ट रेड हेरिंग प्रॉस्पेक्टस (DRHP) फाइल किया था और इसे SEBI से मंजूरी मिल चुकी है। यह पूरी तरह से ऑफर-फॉर-सेल (OFS) होगा, जिसमें करीब 14.89 करोड़ शेयर बेचे जाएंगे। यानी कंपनी के पास कोई नया पैसा नहीं आएगा, सारा पैसा शेयर बेचने वाले पुराने शेयरधारकों को जाएगा।
सावधानी जरूरी है
NSE का लिस्टिंग का सफर पिछले एक दशक से काफी चुनौतीपूर्ण रहा है, जिसमें को-लोकेशन केस जैसे विवाद शामिल रहे हैं। एक्सपर्ट्स का कहना है कि IFCI और New India Assurance में दिखने वाली यह तेजी पूरी तरह से सट्टा आधारित (speculative) है। अगर IPO की टाइमलाइन में कोई बदलाव आता है या वैल्यूएशन उम्मीद के मुताबिक नहीं रही, तो इन स्टॉक्स में भारी गिरावट भी आ सकती है। इसलिए अफवाहों के बजाय एक्सचेंज की आधिकारिक फाइलिंग्स पर नजर बनाए रखना बेहतर होगा।
