ESDS Software Solution के IPO से पहले एंकर निवेशकों ने कंपनी पर भरोसा जताया है। कंपनी ने **₹216 करोड़** जुटाए हैं, जबकि पूरा IPO **₹720 करोड़** का है। निवेश के लिए बोली **28 अगस्त** से शुरू होगी।
बाजार की तैयारी और इश्यू डीटेल्स
महाराष्ट्र की क्लाउड और डेटा सेंटर कंपनी ESDS Software Solution ने अपने ₹720 करोड़ के IPO की दिशा में बड़ा कदम उठाया है। 27 अगस्त, 2026 को कंपनी ने 19 बड़े इंस्टीट्यूशनल इन्वेस्टर्स से ₹216 करोड़ जुटा लिए हैं। इन शेयरों का अलॉटमेंट अपर प्राइस बैंड यानी ₹429 प्रति शेयर के भाव पर हुआ है। आम निवेशकों के लिए यह इश्यू 28 अगस्त से 1 सितंबर, 2026 तक खुला रहेगा। कंपनी की लिस्टिंग BSE और NSE पर 4 सितंबर, 2026 को होने की उम्मीद है।
फाइनेंशियल ग्रोथ की रफ्तार
कंपनी के नंबर्स काफी मजबूत दिख रहे हैं। FY26 में कंपनी का रेवेन्यू ₹480.65 करोड़ रहा, जो पिछले साल ₹376.64 करोड़ था। नेट प्रॉफिट में भी बड़ी छलांग देखने को मिली है, जो FY25 के ₹55.61 करोड़ से बढ़कर FY26 में ₹120.82 करोड़ पहुंच गया है। कंपनी का EBITDA मार्जिन 49.60% रहा है, जो इसकी ऑपरेशनल एफिशिएंसी को दर्शाता है।
फंड का इस्तेमाल और भविष्य की राह
कंपनी ने अपनी योजना स्पष्ट कर दी है। जुटाई गई राशि में से ₹576 करोड़ का उपयोग डेटा सेंटर और क्लाउड इंफ्रास्ट्रक्चर को अपग्रेड करने में किया जाएगा। कंपनी AI-इनेबल्ड क्लाउड सर्विसेज की बढ़ती मांग को पूरा करने के लिए नया हार्डवेयर और इक्विपमेंट खरीदेगी।
निवेशकों के लिए रिस्क फैक्टर्स
निवेश करने से पहले यह समझना जरूरी है कि यह इंडस्ट्री बहुत अधिक कैपिटल-इंटेंसिव है। भारी निवेश के बाद कंपनी के लिए 49.60% के मार्जिन को मेंटेन करना बड़ी चुनौती हो सकती है। इसके अलावा, कंपनी का बिजनेस BFSI सेक्टर और सरकारी पार्टनरशिप पर काफी निर्भर है, इसलिए इन क्षेत्रों में खर्च कम होने से रेवेन्यू पर असर पड़ सकता है। साथ ही, इंफ्रास्ट्रक्चर प्रोजेक्ट्स में देरी की आशंका भी बनी रहती है।
