Bombay Coated & Special Steels के **₹183 करोड़** के IPO को निवेशकों का जबरदस्त रिस्पॉन्स मिल रहा है। दूसरे दिन तक यह इश्यू **3 गुना** भर चुका है, जिसमें इंस्टीट्यूशनल बायर्स की मांग सबसे अधिक है।
भारी डिमांड के पीछे की वजह
दूसरे दिन तक Bombay Coated & Special Steels के IPO को निवेशकों का अच्छा समर्थन मिला है। आंकड़ों पर नजर डालें तो क्वालिफाइड इंस्टीट्यूशनल इन्वेस्टर्स (QIBs) ने अपने हिस्से को 6.55 गुना सब्सक्राइब किया है, जबकि रिटेल निवेशकों का हिस्सा 1.78 गुना भरा है। कंपनी इस IPO के जरिए ₹183.06 करोड़ जुटा रही है, जिसके लिए बोली लगाने की आखिरी तारीख 2 नवंबर है और इसकी स्टॉक मार्केट में लिस्टिंग 5 नवंबर को संभावित है।
कर्ज कम करने की रणनीति
इस IPO का मुख्य उद्देश्य कंपनी की बैलेंस शीट को मजबूत करना है। कंपनी जुटाए गए फंड में से ₹125 करोड़ का इस्तेमाल अपने मौजूदा कर्ज को चुकाने (Repayment) में करेगी। इससे ब्याज का खर्च कम होगा। इसके अलावा, करीब ₹15.77 करोड़ की राशि Siemens Financial Services के साथ लीज पर लिए गए उपकरणों के भुगतान के लिए इस्तेमाल की जाएगी।
फाइनेंशियल हेल्थ और मार्जिन
कंपनी की ग्रोथ संतोषजनक है। FY26 में कंपनी का रेवेन्यू ₹1,266.82 करोड़ रहा, जो पिछले साल ₹1,055.71 करोड़ था। हालांकि, कंपनी का नेट प्रॉफिट ₹30.54 करोड़ रहा है। स्टील प्रोसेसिंग इंडस्ट्री में मार्जिन काफी कम होते हैं, इसलिए निवेशकों के लिए यह देखना महत्वपूर्ण होगा कि कर्ज घटने के बाद क्या कंपनी अपने मुनाफे के मार्जिन में सुधार कर पाती है। कंपनी की कुल प्रोसेसिंग क्षमता 1,23,000 टन सालाना से ज्यादा है, जिसके प्लांट महाराष्ट्र, राजस्थान और आंध्र प्रदेश में स्थित हैं।
