BLS Polymers का **₹255 करोड़** का IPO निवेश के लिए खुला है और दूसरे दिन यानी 28 अक्टूबर तक इसे **11 गुना** सब्सक्राइब किया जा चुका है। कंपनी का यह इश्यू 29 अक्टूबर को बंद हो रहा है, जिसका इस्तेमाल गोवा प्लांट के विस्तार और वर्किंग कैपिटल की जरूरतों के लिए किया जाएगा।
बाजार में जबरदस्त रिस्पॉन्स
नेशनल स्टॉक एक्सचेंज (NSE) के आंकड़ों के मुताबिक, इस IPO में नॉन-इंस्टीट्यूशनल इन्वेस्टर्स (NII) का दबदबा दिख रहा है, जिन्होंने 18.76 गुना बोलियां लगाई हैं। वहीं, क्वालिफाइड इंस्टीट्यूशनल बायर्स (QIB) ने 12.04 गुना और रिटेल निवेशकों ने 8.78 गुना सब्सक्राइब किया है। कंपनी इस फंड के जरिए इंफ्रास्ट्रक्चर सेक्टर में अपनी पहुंच बढ़ाने की तैयारी कर रही है।
फंड का इस्तेमाल और ग्रोथ प्लान
कंपनी ने अपने ग्रोथ प्लान के लिए साफ रोडमैप तैयार किया है। IPO से जुटाए गए पैसों में से लगभग ₹77.56 करोड़ गोवा स्थित मैन्युफैक्चरिंग यूनिट के विस्तार पर खर्च किए जाएंगे। इसके अलावा, ₹89.5 करोड़ का उपयोग वर्किंग कैपिटल की जरूरतों को पूरा करने में होगा।
कंपनी टेलिकॉम, पावर और रेलवे सेक्टर के लिए जरूरी कलपुर्जे बनाती है। फाइनेंशियल ईयर 2026 में कंपनी ने ₹27 करोड़ का नेट प्रॉफिट दर्ज किया है। कंपनी ने शेयर का प्राइस बैंड ₹142 से ₹150 तय किया है, जिससे ऊपरी स्तर पर कंपनी की वैल्युएशन लगभग ₹930.5 करोड़ बैठती है।
निवेशकों के लिए जरूरी बातें
निवेशकों को ध्यान रखना होगा कि गोवा प्लांट का विस्तार बिना किसी देरी के पूरा हो। साथ ही, टेलिकॉम और पावर सेक्टर की डिमांड कंपनी के भविष्य के लिए काफी मायने रखती है। यदि इंफ्रास्ट्रक्चर निवेश में सुस्ती आती है, तो इसका असर रेवेन्यू मार्जिन पर पड़ सकता है।
IPO की बिडिंग 29 अक्टूबर को समाप्त होगी। इसके बाद 30 अक्टूबर को शेयरों का अलॉटमेंट होगा और 3 नवंबर को मार्केट में इसकी लिस्टिंग की उम्मीद है।
