Annu Projects की शेयर बाजार में शुरुआत बेहद निराशाजनक रही। कंपनी का शेयर अपने **₹99** के इश्यू प्राइस के मुकाबले **27%** की भारी गिरावट के साथ लिस्ट हुआ। NSE और BSE पर निवेशकों को पहले ही दिन मायूसी हाथ लगी है।
बाजार में सुस्त एंट्री
Annu Projects के आईपीओ (IPO) में दांव लगाने वाले निवेशकों को बुधवार को तगड़ा झटका लगा। नेशनल स्टॉक एक्सचेंज (NSE) पर शेयर ₹72 पर खुला, जो इसके इश्यू प्राइस ₹99 से करीब 27% कम था। वहीं, बॉम्बे स्टॉक एक्सचेंज (BSE) पर स्टॉक ₹75 के भाव पर लिस्ट हुआ। हालांकि, बाद में स्टॉक में भारी उतार-चढ़ाव दिखा और यह दोनों एक्सचेंज पर अपर सर्किट तक भी पहुंचा, लेकिन इसकी शुरुआत ने बाजार का मूड खराब कर दिया। याद दिला दें कि इस आईपीओ को कुल 2.93 गुना ही सब्सक्राइब किया गया था।
फंड का इस्तेमाल और बिजनेस मॉडल
इंजीनियरिंग, प्रोक्योरमेंट और कंस्ट्रक्शन (EPC) सेक्टर से जुड़ी यह कंपनी यूटिलिटी इंफ्रास्ट्रक्चर पर काम करती है। कंपनी ने आईपीओ के जरिए ₹175 करोड़ जुटाए हैं। कंपनी के प्लान के मुताबिक, ₹115 करोड़ का इस्तेमाल वर्किंग कैपिटल की जरूरतों को पूरा करने में किया जाएगा, जबकि ₹15 करोड़ नई मशीनरी और इक्विपमेंट खरीदने में खर्च होंगे।
रिस्क फैक्टर और कर्ज का गणित
निवेशकों के लिए कंपनी का बढ़ता कर्ज चिंता का सबब बन सकता है। फाइनेंशियल ईयर 2026 में कंपनी की उधारी बढ़कर ₹52.54 करोड़ हो गई है, जो पिछले साल सिर्फ ₹22.27 करोड़ थी। EPC जैसे कैपिटल-इंटेंसिव बिजनेस में कर्ज को मैनेज करना एक बड़ी चुनौती होती है। इसके अलावा, सरकारी कॉन्ट्रैक्ट्स पर ज्यादा निर्भरता और पेमेंट में देरी जैसी चुनौतियां भी कंपनी के कैश फ्लो पर असर डाल सकती हैं।
आने वाले समय में कंपनी की सफलता इस बात पर निर्भर करेगी कि वह जुटाई गई पूंजी का इस्तेमाल अपने कर्ज को कम करने और ऑर्डर बुक को समय पर पूरा करने में कितनी कुशलता से करती है।
