संयुक्त अरब अमीरात (UAE) ने भारतीय नागरिकों के लिए वीज़ा-ऑन-अराइवल (VOA) की पॉलिसी में बड़ा बदलाव किया है। अब UK रेसिडेंस वीज़ा रखने वाले भारतीय पासपोर्ट धारक इस सुविधा का लाभ नहीं उठा पाएंगे। हालांकि, अमेरिका या यूरोपीय संघ (EU) के वीज़ा या रेसिडेंस परमिट वाले यात्रियों के लिए 14-दिन की वीज़ा-ऑन-अराइवल सुविधा जारी रहेगी।
क्या हुआ बड़ा बदलाव?
संयुक्त अरब अमीरात (UAE) ने अपने वीज़ा-ऑन-अराइवल (VOA) नियमों में भारतीय पासपोर्ट धारकों के लिए अहम बदलाव किए हैं। फेडरल अथॉरिटी फॉर आइडेंटिटी, सिटिजनशिप, कस्टम्स एंड पोर्ट सिक्योरिटी (ICP) के नए दिशानिर्देशों के अनुसार, जिन भारतीय नागरिकों के पास सिर्फ UK रेसिडेंस वीज़ा है, वे अब 14-दिन की कंडीशनल वीज़ा-ऑन-अराइवल सुविधा का इस्तेमाल नहीं कर पाएंगे। यह बदलाव उन यात्रियों के लिए है जो अक्सर UAE की यात्रा करते हैं, जिनमें टूरिस्ट और बिज़नेस प्रोफेशनल्स शामिल हैं, और जो UK रेसिडेंसी के आधार पर UAE में आसानी से एंट्री पाते थे।
बिज़नेस और टूरिस्ट यात्रा पर असर
कई भारतीय यात्रियों के लिए, वीज़ा-ऑन-अराइवल की सुविधा आखिरी समय की बिज़नेस ट्रिप या टूरिज्म के लिए एक आसान विकल्प था, क्योंकि इसके लिए पहले से ई-वीज़ा (e-visa) की ज़रूरत नहीं पड़ती थी। UK रेसिडेंस वीज़ा को लिस्ट से हटा दिए जाने के बाद, इस कैटेगरी के यात्रियों को अब अपनी यात्रा की योजना पहले से बनानी होगी। अगर आपके पास सिर्फ UK रेसिडेंस परमिट है, तो आपको संभवतः अपनी फ्लाइट लेने से पहले एक स्टैंडर्ड UAE टूरिस्ट वीज़ा के लिए अप्लाई करना होगा। एयरलाइंस ये एंट्री रूल्स फ्लाइट के पॉइंट ऑफ़ डिपार्चर पर सख्ती से लागू करती हैं, और अगर आपके पास वैलिड वीज़ा नहीं है या आप किसी छूट के लिए योग्य नहीं हैं, तो आपको बोर्डिंग से रोका जा सकता है।
कौन अभी भी कर सकता है यात्रा?
UAE ने उन भारतीय पासपोर्ट धारकों के लिए VOA की सुविधा जारी रखी है, जिनके पास अन्य क्षेत्रों से विशिष्ट डॉक्यूमेंटेशन हैं। ICP के अपडेटेड दिशानिर्देशों के अनुसार, जो भारतीय नागरिक यूनाइटेड स्टेट्स (United States) या किसी यूरोपीय संघ (EU) सदस्य देश के वैलिड वीज़ा या रेसिडेंस परमिट रखते हैं, वे 14-दिन की कंडीशनल एंट्री के लिए अभी भी योग्य हैं। इस ग्रुप के यात्री अभी भी प्री-अरेन्ज्ड वीज़ा के बिना इस सुविधा का लाभ उठा सकते हैं। यह सुनिश्चित करना महत्वपूर्ण है कि ये दस्तावेज़ UAE अथॉरिटीज द्वारा तय की गई वैलिडिटी और ड्यूरेशन की ज़रूरतों को पूरा करते हों।
वीज़ा के नए विकल्प?
जहां UK रेसिडेंस होल्डर्स के लिए 14-दिन का कंडीशनल VOA प्रतिबंधित किया जा रहा है, वहीं UAE कथित तौर पर योग्य भारतीय नागरिकों के लिए 60-दिन के नए कंडीशनल वीज़ा-ऑन-अराइवल प्रोग्राम की शुरुआत पर विचार कर रहा है। इस लंबी अवधि वाले ऑप्शन के लिए एलिजिबिलिटी क्राइटेरिया और ऑफिशियल लॉन्च टाइमलाइन पर अभी कोई फैसला नहीं हुआ है।
यात्रियों को क्या ध्यान रखना चाहिए?
इमिग्रेशन नियमों में इस तरह के बदलावों को देखते हुए, UAE की फेडरल अथॉरिटी फॉर आइडेंटिटी, सिटीजनशिप, कस्टम्स एंड पोर्ट सिक्योरिटी (ICP) या अपने नज़दीकी UAE दूतावास से सीधे ऑफिशियल अपडेट्स पर नज़र रखना ज़रूरी है, खासकर यात्रा बुक करने से पहले। यात्रियों को यात्रा में किसी भी तरह की बाधा से बचने के लिए अपने वीज़ा टाइप और रेसिडेंस परमिट की वर्तमान स्थिति की पुष्टि करनी चाहिए। नियमों में बदलाव की संभावना को देखते हुए, GDRFA (जनरल डायरेक्टोरेट ऑफ रेजिडेंसी एंड फॉरेनर्स अफेयर्स) दुबई पोर्टल या UAE की आधिकारिक सरकारी वेबसाइट पर नवीनतम दिशानिर्देशों की जांच करना सबसे भरोसेमंद तरीका है।
