सऊदी अरब में बढ़ते सुरक्षा खतरों के बीच रियाद स्थित भारतीय दूतावास ने अपने नागरिकों के लिए एडवाइजरी जारी की है। वहां करीब **25 लाख** भारतीय रहते हैं, जिससे वहां काम कर रही कंपनियों के संचालन पर असर पड़ने की आशंका है।
रियाद स्थित भारतीय दूतावास ने हाल ही में बढ़े हवाई सुरक्षा खतरों को देखते हुए सऊदी अरब में रह रहे भारतीय नागरिकों के लिए एक सख्त सुरक्षा एडवाइजरी जारी की है। यह निर्देश किंग खालिद इंटरनेशनल एयरपोर्ट पर हुई हालिया घटना के बाद आया है, जिसमें जान-माल का नुकसान हुआ है। दूतावास ने सभी नागरिकों को 'नेशनल अर्ली वार्निंग प्लेटफॉर्म' का सख्ती से पालन करने को कहा है।
कंपनियों और निवेशकों के लिए मायने
सऊदी अरब में करीब 25 लाख भारतीय रहते हैं, जो वहां के इंजीनियरिंग, कंस्ट्रक्शन और ऑयल एंड गैस सेक्टर की रीढ़ हैं। किसी भी प्रकार की अस्थिरता का सीधा असर वहां काम कर रही भारतीय कंपनियों के प्रोजेक्ट्स, सप्लाई चेन और मानव संसाधन लागत पर पड़ सकता है।
क्या हैं दूतावास के निर्देश?
- अलर्ट के दौरान घरों के अंदर रहें और बालकनी या छत पर न जाएं।
- यात्रा के दौरान गाड़ी छोड़ें और किसी सुरक्षित अवरोध के पीछे छिपें।
- हाई-राइज बिल्डिंग या पुलों से दूर रहें।
- किसी भी सैन्य गतिविधि की वीडियो बनाने या शेयर करने पर रोक लगाई गई है।
आपातकालीन स्थिति के लिए रियाद, मक्का, मदीना और पूर्वी प्रांत के निवासियों को 911 और अन्य क्षेत्रों के लिए 998 नंबर पर संपर्क करने को कहा गया है। यह घटनाक्रम न केवल व्यक्तिगत सुरक्षा के लिहाज से गंभीर है, बल्कि मिडिल ईस्ट में बढ़ते तनाव के कारण वैश्विक तेल बाजारों और व्यापारिक स्थिरता पर भी नजर रखना जरूरी है।
