पाकिस्तान के पूर्व प्रधानमंत्री इमरान खान की मेडिकल रिपोर्ट अदीला जेल प्रशासन ने सुप्रीम कोर्ट में पेश कर दी है। रिपोर्ट में हाई ब्लड प्रेशर और चिंता (Anxiety) की पुष्टि हुई है, लेकिन उनकी मौत की अफवाहों को खारिज कर दिया गया है। यह रिपोर्ट ऐसे समय आई है जब उनकी पार्टी पीटीआई (PTI) लगातार विरोध प्रदर्शन कर रही है और देश में राजनीतिक अस्थिरता बनी हुई है।
सुप्रीम कोर्ट में पेश हुई इमरान की रिपोर्ट
पाकिस्तान के पूर्व प्रधानमंत्री इमरान खान की सेहत को लेकर चल रही अटकलों के बीच, अदीला जेल के अधिकारियों ने उनकी मेडिकल रिपोर्ट सुप्रीम कोर्ट में जमा कर दी है। 73 वर्षीय खान, जो अगस्त 2023 से हिरासत में हैं, हाई ब्लड प्रेशर से पीड़ित हैं। रिपोर्ट के अनुसार, उनका ब्लड प्रेशर 140/100 mmHg दर्ज किया गया है, और वे गंभीर चिंता, सिरदर्द और बेचैनी जैसे लक्षणों से भी जूझ रहे हैं।
सेहत पर मिला-जुला आकलन
जेल अधिकारियों का कहना है कि खान का ब्लड प्रेशर और दिल की धड़कन अभी भी बढ़ी हुई है, लेकिन उनकी आंखों की पुरानी समस्या में काफी सुधार हुआ है और अब यह लगभग सामान्य मानी जा रही है। यह आकलन खान के परिवार और उनकी पार्टी, पाकिस्तान तहरीक-ए-इंसाफ (PTI) के दावों के बिल्कुल विपरीत है, जिन्होंने लगातार उनके अकेलेपन, पर्याप्त चिकित्सा सुविधा न मिलने और जेल की मौजूदा हालातों पर चिंता जताई है।
अफवाहों पर विराम, विरोध प्रदर्शन जारी
यह मेडिकल रिपोर्ट सोशल मीडिया पर खान की मौत की झूठी अफवाहों के फैलने के बाद आई है, जिसे सरकारी और सैन्य अधिकारियों ने पूरी तरह से खारिज कर दिया है। इन अफवाहों ने सामाजिक तनाव को और बढ़ा दिया है, जिसके चलते पीटीआई समर्थकों का विरोध प्रदर्शन तेज हो गया है। वे खान की तत्काल रिहाई और स्वतंत्र मेडिकल जांच की मांग कर रहे हैं।
क्षेत्रीय स्थिरता पर नजर
पाकिस्तान की यह पूरी स्थिति दक्षिण एशिया की स्थिरता पर नजर रखने वालों के लिए महत्वपूर्ण है। लगातार राजनीतिक टकराव और नागरिक अशांति ने देश में अनिश्चितता का माहौल बना दिया है। सुप्रीम कोर्ट में चल रही कानूनी कार्यवाही और क्या यह मेडिकल रिपोर्ट न्यायपालिका को संतुष्ट कर पाएगी, इस पर सबकी निगाहें टिकी हैं। निवेशक और विश्लेषक सुप्रीम कोर्ट की प्रतिक्रिया और राजनीतिक माहौल में किसी भी बदलाव पर बारीकी से नजर रखेंगे।
