एशियाई बाजारों में आज मामूली तेजी देखी गई, जबकि निवेशक अमेरिकी फेडरल रिजर्व द्वारा संभावित **25 बेसिस पॉइंट** की ब्याज दर बढ़ोतरी की तैयारी कर रहे हैं। 10-वर्षीय अमेरिकी ट्रेजरी यील्ड **5%** के करीब बनी हुई है, जो **2007** के बाद का उच्चतम स्तर है।
लगातार चार दिनों की गिरावट के बाद, 16 सितंबर, 2026 को एशियाई इक्विटी बाजारों ने सावधानी के साथ रिकवरी दर्ज की है। MSCI Asia-Pacific इंडेक्स (जापान को छोड़कर) में 0.2% की बढ़ोतरी हुई, जिसका नेतृत्व दक्षिण कोरियाई शेयरों ने 0.8% की तेजी के साथ किया।
बॉन्ड यील्ड का दबाव
वैश्विक स्तर पर निवेशकों का सेंटिमेंट अमेरिकी बॉन्ड मार्केट के प्रति बेहद संवेदनशील है। 10-वर्षीय अमेरिकी ट्रेजरी यील्ड का 5% के स्तर को पार करना निवेशकों के लिए चिंता का विषय है, क्योंकि यह 2007 के बाद का उच्चतम स्तर है। बढ़ती यील्ड कंपनियों के लिए बॉरोइंग कॉस्ट बढ़ा देती है, जिससे रिस्की एसेट्स पर दबाव बढ़ जाता है।
फेड का रुख और मार्केट की उम्मीदें
बाजार में इस बात की 92.4% संभावना जताई जा रही है कि फेडरल रिजर्व 25 बेसिस पॉइंट की बढ़ोतरी करेगा। फेड चेयर केविन वॉर्श की मौद्रिक नीति पर स्पष्टता का इंतजार है। इस बीच, अमेरिकी डॉलर इंडेक्स भी 99.656 के दो सप्ताह के उच्च स्तर पर मजबूती से खड़ा है।
कमोडिटी और क्रिप्टो पर असर
सऊदी अरब के यानबू एक्सपोर्ट हब में सप्लाई में बाधा की खबरों के कारण ब्रेंट क्रूड $108 प्रति बैरल के पास बना हुआ है। वहीं, अमेरिकी सीनेट द्वारा क्रिप्टो-कानून को खारिज करने के बाद डिजिटल एसेट्स पर दबाव है, जहाँ बिटकॉइन $75,800 के आसपास ट्रेड कर रहा है और एथर में भी गिरावट देखी गई है।
