Max Financial Services: प्रॉफिट में गिरावट के बावजूद इंश्योरेंस में बंपर ग्रोथ और रणनीतिक मर्जर की घोषणा
Max Financial Services Limited (MFSL) ने 9 महीनों के लिए (जो 31 दिसंबर, 2025 को खत्म हुए) मिले-जुले नतीजे पेश किए हैं। कंपनी का कंसोलिडेटेड रेवेन्यू साल-दर-साल (YoY) 18% बढ़कर ₹24,625 करोड़ पर पहुंच गया। हालाँकि, पेरेंट कंपनी लेवल पर हुए कुछ एक-मुश्त खर्चों और गुड्स एंड सर्विसेज टैक्स (GST) के चलते कंसोलिडेटेड प्रॉफिट आफ्टर टैक्स (PAT) में पिछले साल की तुलना में गिरावट आई है। यह गिरावट कंपनी के मुख्य इंश्योरेंस ऑपरेशंस में धीमी गति के कारण नहीं, बल्कि पेरेंट लेवल पर हुए विशेष अकाउंटिंग एडजस्टमेंट्स और GST देनदारियों का नतीजा है।
फाइनेंसियल डीप डाइव: दो एंटिटी की कहानी
कंपनी के मजबूत ऑपरेशनल परफॉरमेंस की झलक सब्सिडियरी Axis Max Life में साफ दिखती है। लाइफ इंश्योरर ने शानदार ग्रोथ मोमेंटम दिखाया है, जहाँ तीसरी तिमाही (Q3 FY'26) में रिटेल एनुअलाइज्ड प्रीमियम इक्विवेलेंट (APE) में 30% की ज़बरदस्त YoY ग्रोथ दर्ज की गई। इस ग्रोथ में प्रोप्राइटरी चैनल्स का बड़ा योगदान रहा, जहाँ 43% की बढ़ोतरी हुई, और ऑनलाइन बिजनेस में भी 75% का उछाल देखा गया। 9 महीनों की अवधि में, इंडिविजुअल एडजस्टेड फर्स्ट-ईयर प्रीमियम 20% YoY बढ़ा। Axis Max Life की सेल्स ग्रोथ रेट (20%) इस 9 महीनों के दौरान इंडस्ट्री की अनुमानित 10% ग्रोथ से दोगुनी थी, जिससे प्राइवेट मार्केट शेयर 9.8% तक पहुंच गया, जो 53 बेसिस पॉइंट्स बढ़ा है।
प्रोडक्ट्स की बात करें तो, प्रोटेक्शन सेगमेंट ने कमाल दिखाया, जहाँ रिटेल प्रोटेक्शन में Q3 FY'26 में 99% की प्रभावशाली YoY ग्रोथ देखी गई। एन्युइटी (Annuity) बिजनेस ने भी Q3 FY'26 में 141% और 9 महीनों की अवधि में 107% की ज़बरदस्त ग्रोथ हासिल की। कंपनी के वैल्यू ऑफ न्यू बिजनेस (VNB) मार्जिन 9M FY'26 में सुधरकर 23.6% हो गए, जो पिछले साल 21.9% थे, और VNB खुद 30% बढ़ा। Q3 FY'26 में मार्जिन और बढ़कर 24.1% पर पहुंच गए, जो YoY 90 बेसिस पॉइंट्स का सुधार है। कस्टमर मेट्रिक्स में भी सकारात्मक रुझान दिखे, जिसमें 25-महीनों की पर्सिस्टेंसी 76% के ऑल-टाइम हाई पर पहुंची और नेट प्रमोटर स्कोर (NPS) बढ़कर 58 हो गया।
हालाँकि, MFSL की कंसोलिडेटेड तस्वीर पर ऑपरेटिंग एक्सपेंसेस (Opex) का असर दिखा, जो 9M FY'26 में 25% YoY बढ़े। इसका मुख्य कारण ₹295 करोड़ का GST डिसअलॉंयस (Disallowance) और लेबर कोड बदलावों से जुड़े ₹60 करोड़ के एक-मुश्त ग्रेच्युइटी प्रोविज़न (Gratuity Provision) थे। मैनेजमेंट ने स्पष्ट किया कि इन एक-मुश्त प्रभावों को एडजस्ट करने के बाद, Opex ग्रोथ 14% के अधिक मैनेजेबल लेवल पर थी।
स्ट्रैटेजिक रीअलाइनमेंट: मर्जर और विस्तार
एक महत्वपूर्ण डेवलपमेंट यह है कि MFSL बोर्ड ने Axis Max Life और MFSL के प्रस्तावित मर्जर (Amalgamation) को शुरू करने के लिए सैद्धांतिक मंजूरी (In-principle Approval) दे दी है। इस स्ट्रैटेजिक कदम का मकसद ऑपरेशन्स को स्ट्रीमलाइन करना, कैपिटल जुटाना आसान बनाना, बिजनेस प्रोसेस को सरल बनाना और पॉलिसीहोल्डर प्रोटेक्शन को मजबूत करना है। यह प्रक्रिया रेगुलेटरी फ्रेमवर्क के विकास पर निर्भर करते हुए, फाइलिंग के बाद अनुमानित 12-14 महीनों में पूरी होने की उम्मीद है।
इसके अलावा, MFSL को GIFT सिटी में एक ऑफिस स्थापित करने के लिए रेगुलेटरी मंजूरी भी मिली है। इस विस्तार का उद्देश्य नॉन-रेजिडेंट इंडियन (NRI) ग्राहक सेगमेंट में अपनी उपस्थिति को मजबूत करना है। मैनेजमेंट का लक्ष्य VNB मार्जिन को 25% के आसपास बनाए रखना और इंडस्ट्री से 300-500 बेसिस पॉइंट्स तेजी से ग्रो करना है। डिजिटाइजेशन और आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) में इन्वेस्टमेंट को भी भविष्य की एफिशिएंसी और कस्टमर एक्सपीरियंस को बेहतर बनाने के लिए मुख्य ड्राइवर्स के तौर पर रेखांकित किया गया है।
जोखिम और आउटलुक
निकट भविष्य के मुख्य रिस्क में GST डिसअलॉंयस का जारी प्रभाव और प्रस्तावित मर्जर से जुड़े इंटीग्रेशन चैलेंज शामिल हैं। हालाँकि, मैनेजमेंट का विश्वास है कि आने वाली तिमाहियों में GST के प्रभाव को कम किया जाएगा। कंपनी का फोकस सस्टेनेबल ग्रोथ, प्रोडक्ट इनोवेशन, कस्टमर सेंट्रिसिटी और डिजिटाइजेशन का लाभ उठाने पर है। निवेशक मर्जर की प्रगति और कंपनी की मजबूत ग्रोथ को बनाए रखने की क्षमता पर नज़र रखेंगे।