ICICI Lombard की कमाई पर मार! नेट प्रॉफिट **46%** गिरा, ₹403 करोड़ पर आया

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AuthorKaran Malhotra|Published at:
ICICI Lombard की कमाई पर मार! नेट प्रॉफिट **46%** गिरा, ₹403 करोड़ पर आया

ICICI Lombard General Insurance कंपनी के लिए पहली तिमाही (Q1FY27) के नतीजे उम्मीद के मुताबिक नहीं रहे। सुप्रीम कोर्ट के एक फैसले के बाद अतिरिक्त क्लेम रिजर्व (Claim Reserve) रखने की वजह से कंपनी का नेट प्रॉफिट **46%** गिरकर **₹403.17 करोड़** पर आ गया। हालांकि, कंपनी के ग्रॉस डायरेक्ट प्रीमियम इनकम (Gross Direct Premium Income) में **7.5%** का इजाफा हुआ और यह **₹8,318 करोड़** तक पहुंच गया। इस मौके पर कंपनी ने अपनी 25वीं सालगिरह पर **25** नए इंश्योरेंस सॉल्यूशंस भी लॉन्च किए।

मुनाफे में आई बड़ी गिरावट का कारण?

ICICI Lombard General Insurance कंपनी के लिए 2027 के फाइनेंशियल ईयर की पहली तिमाही थोड़ी निराशाजनक रही। कंपनी का नेट प्रॉफिट 46% घटकर ₹403.17 करोड़ पर पहुँच गया। इस गिरावट की मुख्य वजहें सुप्रीम कोर्ट के एक हालिया फैसले के बाद मोटर थर्ड-पार्टी इंश्योरेंस पोर्टफोलियो के लिए अतिरिक्त क्लेम रिजर्व (Claim Reserve) रखना और दो बड़ी आग से जुड़ी इंश्योरेंस क्लेम (Insurance Claim) का असर रहीं।

इन वजहों से कंपनी का कंबाइंड रेश्यो (Combined Ratio) – जो बताता है कि इंश्योरर प्रीमियम से होने वाली आय की तुलना में क्लेम और खर्चों पर कितना पैसा खर्च करता है – बढ़कर 107.2% हो गया। साथ ही, इस तिमाही में कंपनी का कैपिटल गेन (Capital Gain) भी घटकर ₹183 करोड़ रहा, जो पिछले साल की इसी अवधि में ₹380 करोड़ था।

प्रीमियम ग्रोथ और नए प्रोडक्ट्स

मुनाफे पर दबाव के बावजूद, कंपनी की टॉप-लाइन परफॉर्मेंस (Top-line Performance) मजबूत बनी हुई है। कंपनी ने ग्रॉस डायरेक्ट प्रीमियम इनकम (Gross Direct Premium Income) में पिछले साल की इसी अवधि की तुलना में 7.5% की बढ़ोतरी दर्ज की, जो ₹8,318 करोड़ पर पहुँच गई।

अपनी 25वीं सालगिरह के मौके पर, कंपनी ने 25 नए इंश्योरेंस सॉल्यूशंस पेश किए हैं, जिनमें से 5 इंडस्ट्री-फर्स्ट (Industry-first) हैं। इनमें से एक 'टाइम एश्योर्ड रोडसाइड असिस्ट' (Time Assured Roadside Assist) प्रोग्राम है, जो कार मालिकों के लिए 30 से 60 मिनट के अंदर सर्विस एग्जीक्यूटिव (Service Executive) की गारंटी देता है।

इसके अलावा, कंपनी ने मुंबई के सिद्धिविनायक मेट्रो स्टेशन पर एक सेल्फ-सर्विस कियोस्क (Self-service Kiosk) भी लगाया है, जहाँ ग्राहक रिन्यूअल (Renewal) कर सकते हैं और क्लेम को ट्रैक (Track) कर सकते हैं। कंपनी कस्टमर सर्विस के लिए AI का भी इस्तेमाल कर रही है, जिसमें एक नया मल्टीलिंगुअल चैटबॉट (Multilingual Chatbot) पहले ही 10 लाख से ज्यादा कॉल संभाल चुका है।

निवेशकों के लिए आगे की राह

मैनेजमेंट का फोकस लॉन्ग-टर्म (Long-term) में सस्टेनेबल रिटर्न ऑन इक्विटी (Return on Equity) को 18% से 20% के बीच बनाए रखने पर है। कंपनी ने यह भी बताया कि आग से जुड़े इंश्योरेंस बिजनेस में स्थिरता आ रही है, जो पहले ग्रोथ नहीं दिखा रहा था। उम्मीद है कि यह सेगमेंट दूसरी तिमाही में कमाई में बेहतर योगदान देगा। इन्वेस्टर्स (Investors) कंपनी की इस क्षमता पर नजर रखेंगे कि वह क्लेम रिजर्व के दबाव को कैसे झेलती है और हेल्थ, मोटर व SME सेगमेंट में अपने नए प्रोडक्ट्स को कितनी अच्छी तरह से पेश करती है।

Disclaimer: This article is published for informational purposes only. This is not a buy sell recommendation.