रिकॉर्ड नतीजों से शेयर में आई तेजी
BSE पर V-Marc India का शेयर 11.25% चढ़कर ₹1,133.60 पर बंद हुआ। इस दौरान 1.94 लाख शेयरों का ट्रेड हुआ, जो नवंबर के बाद सबसे अधिक है। यह उछाल कंपनी के 31 मार्च 2026 को समाप्त तिमाही (Q4FY26) और पूरे वित्तीय वर्ष के शानदार नतीजों के बाद आया है।
Q4FY26 में, V-Marc India का रेवेन्यू 97.6% बढ़कर ₹1,105.76 करोड़ हो गया। वहीं, नेट प्रॉफिट (Profit After Tax) 157.2% की छलांग लगाते हुए ₹63.61 करोड़ पर पहुंच गया।
पूरे फाइनेंशियल ईयर 2026 (FY26) की बात करें तो रेवेन्यू 98.6% बढ़कर ₹1,797.31 करोड़ रहा, जबकि नेट प्रॉफिट 177.2% की भारी वृद्धि के साथ ₹100.05 करोड़ दर्ज किया गया। यह प्रदर्शन बेंचमार्क Nifty 50 इंडेक्स से काफी बेहतर रहा, जो इसी सत्र में 1.49% गिरा था।
बोनस इश्यू और वैल्यूएशन के सवाल
कंपनी के बोर्ड ने 5:1 के अनुपात में बोनस शेयर (Bonus Share) जारी करने को भी मंजूरी दी है, जिसका मतलब है कि हर एक शेयर के बदले शेयरधारकों को पांच नए शेयर मिलेंगे। इसके लिए कंपनी ने अपने अधिकृत शेयर कैपिटल को ₹30 करोड़ से बढ़ाकर ₹150 करोड़ कर दिया है।
हालांकि, बोनस इश्यू की घोषणा ने कंपनी के वैल्यूएशन (Valuation) पर भी सवाल खड़े कर दिए हैं। V-Marc India का ट्रेलिंग बारह महीने (TTM) प्राइस-टू-अर्निंग्स (P/E) रेशियो करीब 69 है। यह इसके कॉम्पिटिटर्स Polycab India (TTM P/E लगभग 53) और KEI Industries (TTM P/E लगभग 53) की तुलना में काफी अधिक है।
V-Marc India का रिटर्न ऑन इक्विटी (ROE) 24.39% है, जो Polycab India (22.36%) और KEI Industries (15.59%) से बेहतर है। लेकिन मार्केट V-Marc India को इन स्थापित कंपनियों की तुलना में कहीं ज्यादा ग्रोथ का प्राइस दे रहा है, जिसकी वजह अभी पूरी तरह साफ नहीं है।
विस्तार योजनाएं और कड़ी प्रतिस्पर्धा
वित्तीय नतीजों के साथ, V-Marc India ने ₹500 करोड़ की महत्वाकांक्षी कैपिटल एक्सपेंडिचर (Capex) योजना का भी खुलासा किया है। इस योजना का लक्ष्य FY30 तक प्रोडक्शन कैपेसिटी को दोगुना करके 10 लाख सर्किट किलोमीटर से अधिक करना है, जिसकी शुरुआत FY27 से होगी।
यह विस्तार पॉजिटिव सेक्टर ट्रेंड्स के अनुरूप है, क्योंकि भारतीय वायर्स और केबल्स मार्केट के 2031 तक 4% से 9.01% CAGR की दर से बढ़ने का अनुमान है। हालांकि, V-Marc India को Polycab India और KEI Industries जैसे बड़े खिलाड़ियों से कड़ी प्रतिस्पर्धा का सामना करना पड़ेगा।
मुख्य जोखिम और चिंताएं
मजबूत ग्रोथ और बोनस की घोषणा के बावजूद, कुछ चिंताएं भी हैं। V-Marc India का TTM P/E रेशियो (लगभग 69) सेक्टर के औसत (53) और प्रमुख प्रतिस्पर्धियों से काफी ऊपर है। कंपनी का रिटर्न ऑन असेट्स (ROA) 6.61% है।
इसके अलावा, इसका डेट-टू-इक्विटी (D/E) रेशियो 0.92 से 1.07 के बीच है, जो Polycab India (D/E 0.01-1.3%) और KEI Industries (D/E 0.03-2.8%) की तुलना में काफी अधिक है, जो लगभग डेट-फ्री हैं। प्रमोटर की 43.2% हिस्सेदारी भी प्लेज (Pledge) है।
कुछ एनालिस्ट रिपोर्ट्स में SEBI की लंबित जांच (SEBI Probe) और बकाए (Receivables) की स्थिति को लेकर चिंता जताई गई है, जो ग्रोथ की सस्टेनेबिलिटी पर सवाल खड़े कर सकती है। विस्तार योजना में एग्जीक्यूशन रिस्क और वर्किंग कैपिटल मैनेजमेंट की चुनौती भी शामिल है।
भविष्य का आउटलुक
एनालिस्ट्स का V-Marc India पर मिला-जुला रुख है। 74.07% एनालिस्ट्स इसे 'Buy' रेटिंग दे रहे हैं, जबकि 18.52% 'Sell' और 7.41% 'Hold' की सलाह दे रहे हैं। मैनेजमेंट की ग्रोथ गाइडेंस के बावजूद, SEBI जांच और बकाए के प्रबंधन को लेकर वे सतर्क हैं।
भारत में वायर्स और केबल्स सेक्टर की मांग जारी रहने की उम्मीद है, जो सरकारी पहलों से प्रेरित है। लेकिन V-Marc India को अपने प्रीमियम वैल्यूएशन को सही ठहराने के लिए लगातार ग्रोथ बनाए रखनी होगी, प्रतिस्पर्धियों से मुकाबला करना होगा और अपने बैलेंस शीट को मजबूती से मैनेज करना होगा।
