UltraTech Cement ने अपनी ग्रीन लॉजिस्टिक्स योजना को रफ्तार देते हुए साल के अंत तक **600** इलेक्ट्रिक ट्रक तैनात करने का ऐलान किया है। इस खबर के बीच, मार्केट में कंपनी का शेयर **1.87%** की गिरावट के साथ ट्रेड कर रहा है।
ग्रीन लॉजिस्टिक्स की ओर बड़ा कदम
UltraTech Cement ने अपने सप्लाई चेन को पूरी तरह से डीकार्बोनाइज करने की दिशा में एक बड़ा फैसला लिया है। कंपनी कैलेंडर ईयर के अंत तक 600 इलेक्ट्रिक ट्रक तैनात करने जा रही है, जो 7 राज्यों के औद्योगिक गलियारों में चलेंगे। इस कदम से सालाना 3.9 करोड़ लीटर डीजल की खपत कम होगी और कार्बन उत्सर्जन में 1,17,000 टन से ज्यादा की कटौती होगी।
कंपनी ने इसके लिए Tata Motors, Ashok Leyland, IPLTech, Energy in Motion और Sany जैसी कंपनियों के साथ पार्टनरशिप की है। यह ट्रक गुजरात, उत्तर प्रदेश, मध्य प्रदेश, राजस्थान, छत्तीसगढ़, महाराष्ट्र और ओडिशा में माल ढुलाई का काम करेंगे।
क्या शेयर में गिरावट की वजह निवेश का दबाव है?
इस घोषणा के बावजूद, 2 सितंबर को UltraTech का शेयर 1.87% नीचे फिसल गया। निवेशकों की नजर अब इस बात पर है कि क्या यह भारी-भरकम पूंजी निवेश कंपनी के मार्जिन पर दबाव डालेगा। हाल ही में कंपनी ने ₹5,000 करोड़ के नॉन-कन्वर्टिबल डिबेंचर्स (NCDs) जारी किए हैं, ताकि ऐसी बड़ी परियोजनाओं के लिए फंडिंग जुटाई जा सके।
हालांकि कंपनी का लक्ष्य 200 मिलियन टन से ज्यादा की डोमेस्टिक सीमेंट क्षमता के साथ अपनी लॉजिस्टिक्स को किफायती बनाना है, लेकिन इलेक्ट्रिक मोबिलिटी पर शिफ्ट होने की लागत और इंफ्रास्ट्रक्चर की चुनौतियां शॉर्ट टर्म में मुनाफे पर असर डाल सकती हैं। अब देखना यह होगा कि क्या ये इलेक्ट्रिक ट्रक उम्मीद के मुताबिक ऑपरेशनल बचत करने में कामयाब होते हैं या नहीं।
