नतीजों का पूरा लेखा-जोखा
Triveni Engineering & Industries ने Q3 FY26 (तीसरी तिमाही, फाइनेंशियल ईयर 2026) में अपने नतीजे जारी किए हैं, जिनमें 82.6% की साल-दर-साल (YoY) बढ़ोतरी के साथ ₹77.8 करोड़ का प्रॉफिट आफ्टर टैक्स (PAT) दर्ज किया गया है। पिछले साल की समान तिमाही में यह आंकड़ा ₹42.6 करोड़ था। वहीं, प्रॉफिट बिफोर टैक्स (PBT) में भी 78.5% की ज़बरदस्त वृद्धि देखी गई, जो ₹102.8 करोड़ तक पहुंच गया।
हालांकि, इस दौरान कंपनी को लेबर कोड में बदलाव के चलते ₹22.4 करोड़ का एक विशेष प्रोविज़न (Provision) भी करना पड़ा, जिसने PAT ग्रोथ को थोड़ा प्रभावित किया।
रेवेन्यू और लागत पर असर
फाइनेंशियल ईयर 2026 के पहले नौ महीनों (9M FY26) में, कंपनी के कुल रेवेन्यू (Revenue) में 17.8% की बढ़ोतरी दर्ज हुई और यह ₹4,782.5 करोड़ पर पहुंच गया। फंड की लागत (Cost of Funds) में भी कमी आई है, जो Q3 FY26 में घटकर 6.1% रह गई। वर्किंग कैपिटल पर ब्याज की लागत भी घटकर 6.5% से कम हो गई है।
मुख्य आंकड़े (Key Figures):
- Q3 FY26 PAT: ₹77.8 करोड़ (82.6% YoY ग्रोथ)
- Q3 FY26 PBT: ₹102.8 करोड़ (78.5% YoY ग्रोथ)
- 9M FY26 Revenue: ₹4,782.5 करोड़ (17.8% YoY ग्रोथ)
- विशेष प्रोविज़न (Exceptional Item): ₹22.4 करोड़ (कर्मचारी लाभ के लिए)
कमाई के मुख्य स्रोत
कंपनी की कमाई का बड़ा हिस्सा Sugar और Distillery सेगमेंट से आया है। Sugar बिजनेस के रेवेन्यू में Q3 FY26 में 12% और 9M FY26 में 19% की वृद्धि हुई। इसके पीछे ऊंचे बिक्री वॉल्यूम (Sales Volumes) और बेहतर शुगर रियलाइजेशन (Sugar Realization) का हाथ है।
Alcohol बिजनेस ने इस तिमाही में 27% का बड़ा वॉल्यूम जंप दर्ज किया। इसकी वजह मक्के (Maize) की खरीद लागत कम होना और ऑप्टिमाइजेशन के तरीके थे। कुल अल्कोहल बिक्री में इथेनॉल (Ethanol) का हिस्सा 92% रहा।
इंजीनियरिंग सेगमेंट में भी तेज़ी
Power Transmission Business (PTB) में भी पॉजिटिव संकेत दिखे। PBT मार्जिन में 90 bps (बेसिस पॉइंट्स) का सुधार हुआ, जबकि पूछताछ (Inquiry Levels) 75% YoY बढ़ी है। यह खासतौर पर एक्सपोर्ट मार्केट से मिली अच्छी प्रतिक्रिया को दिखाता है।
कर्ज़ की स्थिति: 31 दिसंबर, 2025 तक कंपनी पर स्टैंडअलोन ₹783 करोड़ का कर्ज़ था, जो पिछले साल के मुकाबले थोड़ा ही ज्यादा है। कंसोलिडेटेड ग्रॉस डेट ₹1,073 करोड़ रहा।
मैनेजमेंट की राय और भविष्य की राह
मैनेजमेंट का मानना है कि चौथी तिमाही (Q4 FY26) में ऑर्डर बुकिंग अच्छी रहेगी और आने वाले समय में चीनी की कीमतें भी मजबूत रहने की उम्मीद है। कंपनी ने भविष्य के रेवेन्यू या प्रॉफिट को लेकर कोई खास गाइडेंस नहीं दी है, जिससे कुछ विश्लेषकों को थोड़ी अनिश्चितता हो सकती है।
Power Transmission बिजनेस में Q3 में ऑर्डर बुकिंग थोड़ी धीमी रही, लेकिन जनवरी 2026 में इसमें ज़बरदस्त वापसी दर्ज की गई है।
जोखिम और आगे का नज़रिया (Risks & Outlook)
मुख्य जोखिम: कंसोलिडेटेड डेट का बढ़ना एक चिंता का विषय हो सकता है, हालांकि कंपनी लागत कम करने पर ध्यान दे रही है। भविष्य के लिए स्पष्ट वित्तीय अनुमानों का अभाव निवेशकों के लिए अनिश्चितता पैदा कर सकता है।
आगे क्या: कंपनी SSEL के साथ अमाल्गमेशन (Amalgamation) और Power Transmission बिजनेस के डी-मर्जर (Demerger) की प्रक्रिया को इस तिमाही में पूरा करने की उम्मीद कर रही है, जिससे वैल्यू अनलॉक हो सकती है। Rolls-Royce के साथ किया गया MoU (समझौता) मरीन गैस टरबाइन जेनरेटर के क्षेत्र में एक बड़ी छलांग है और नए विकास के अवसर खोल सकता है। चीनी की कीमतों को लेकर आउटलुक पॉजिटिव बना हुआ है। वाटर बिजनेस के पास ₹1,598 करोड़ का ऑर्डर बुक है, जो रीसायकल, रियूज़ और ZLD मॉडल में मौके भुनाने के लिए तैयार है।