सुप्रीम इंडस्ट्रीज ने वित्तीय वर्ष 2026 की तीसरी तिमाही (Q3FY26) के लिए अपने वित्तीय परिणाम घोषित किए हैं। परिचालन से राजस्व ₹2,686.94 करोड़ रहा, जो पिछले वर्ष की समान अवधि की तुलना में 7.05% अधिक है। कंपनी ने बिक्री मात्रा में 12.9% की साल-दर-साल वृद्धि दर्ज की, जो 184,000 मीट्रिक टन रही। इस टॉप-लाइन विस्तार के बावजूद, समेकित शुद्ध लाभ में 18.0% की गिरावट आई, जो Q3 FY2025 में ₹186.97 करोड़ से घटकर ₹153.37 करोड़ हो गया।
परिणामों के बाद, प्रभास लीलाधर ने सुप्रीम इंडस्ट्रीज पर अपनी 'BUY' सिफारिश बनाए रखी है, लेकिन अपने मूल्य लक्ष्य को ₹4,726 से घटाकर ₹4,566 कर दिया है। यह लक्ष्य मार्च 2028 की अनुमानित आय के 40 गुना पर आधारित है। ब्रोकरेज ने FY27E और FY28E के लिए अपनी आय अनुमानों को भी क्रमशः 2.5% और 3.4% समायोजित किया है।
तिमाही के लिए EBITDA ₹3.3 बिलियन (लगभग ₹314 करोड़) रहा, और EBITDA मार्जिन साल-दर-साल 12.3% पर स्थिर रहे। कंपनी को PVC कीमतों में उतार-चढ़ाव के कारण पहले नौ महीनों (9MFY26) में लगभग ₹1-1.2 बिलियन का इन्वेंट्री लॉस हुआ। वित्त लागत में Q3 FY26 में वृद्धि देखी गई, जिसका कारण पूंजीगत व्यय के लिए अल्पकालिक उधारी थी, हालांकि कंपनी FY26 के अंत तक ऋण-मुक्त होने की उम्मीद करती है, जो न्यूनतम बकाया ऋण के साथ एक मजबूत बैलेंस शीट को दर्शाता है।
प्रबंधन ने पूरे वित्तीय वर्ष FY26 के लिए समग्र मात्रा वृद्धि 12-14% के बीच रहने के मार्गदर्शन को दोहराया है, जिसमें प्लास्टिक पाइप और फिटिंग्स (P&F) खंड से 15-17% की वृद्धि अपेक्षित है। हालांकि, FY26 के लिए EBITDA मार्जिन मार्गदर्शन को पहले के 14.5-15% से घटाकर 13.5-14% कर दिया गया है।
भारतीय प्लास्टिक पाइप उद्योग में मध्यम अवधि (FY2026-FY2027) में लगभग 10-12% की मजबूत वृद्धि का अनुमान है, जो बुनियादी ढांचे पर सरकारी खर्च और रियल एस्टेट व कृषि क्षेत्रों की मांग से प्रेरित होगा। हालांकि PVC मूल्य अस्थिरता एक कारक रही है, लेकिन निकट भविष्य में स्थिरता की उम्मीद है, और उत्पादक कीमतों में मजबूती और मुद्रा अवमूल्यन के कारण मामूली ऊपर की ओर जाने की संभावना है।
22 जनवरी, 2026 तक, सुप्रीम इंडस्ट्रीज के शेयर लगभग ₹3,348.70 से ₹3,455.00 की सीमा में कारोबार कर रहे थे। स्टॉक का बाजार पूंजीकरण लगभग ₹44,000 करोड़ है। कंपनी का मूल्य-से-आय (P/E) अनुपात लगभग 46.5 से 58.5 की विस्तृत श्रृंखला में है, जो प्रीमियम मूल्यांकन को दर्शाता है। सत्र के दौरान एक्सचेंज पर ट्रेडिंग वॉल्यूम महत्वपूर्ण थे। स्टॉक ने लगभग ₹3,020 से ₹4,740 की 52-सप्ताह की सीमा में कारोबार किया है।