तिमाही नतीजों ने किया निराश
SecMark Consultancy Limited ने अपने अनऑडिटेड फाइनेंशियल रिजल्ट्स जारी किए हैं, जो कंपनी की खराब आर्थिक हालत को दर्शाते हैं। 31 दिसंबर, 2025 को समाप्त हुई तिमाही में कंपनी को बड़ा नुकसान उठाना पड़ा है।
स्टैंडअलोन आंकड़े:
कंपनी के स्टैंडअलोन प्रदर्शन की बात करें तो, FY26 की तीसरी तिमाही में रेवेन्यू पिछले साल की इसी अवधि के मुकाबले 9.4% गिरकर ₹7.25 करोड़ (₹724.88 लाख) पर आ गया, जो पिछले साल ₹8.00 करोड़ (₹799.86 लाख) था। इसी दौरान, कंपनी का नेट लॉस बढ़कर ₹1.88 करोड़ (₹188.31 लाख) हो गया, जबकि पिछले साल इसी अवधि में यह मामूली ₹0.01 करोड़ (₹0.60 लाख) का लॉस था।
क्वार्टर-ऑन-क्वार्टर (QoQ) देखें तो रेवेन्यू में 22.3% की भारी गिरावट आई, जो ₹7.25 करोड़ रहा, जबकि पिछली तिमाही (Q2 FY26) में यह ₹9.33 करोड़ (₹933.31 लाख) था। इस गिरावट के चलते कंपनी पिछले क्वार्टर के ₹0.86 करोड़ (₹85.91 लाख) के मुनाफे से सीधे ₹1.88 करोड़ के नेट लॉस में आ गई है।
कंसॉलिडेटेड प्रदर्शन:
स्टैंडअलोन नतीजों के साथ-साथ कंपनी का कंसॉलिडेटेड प्रदर्शन भी चिंताजनक रहा। कंसॉलिडेटेड रेवेन्यू में 7.6% की गिरावट आई और यह ₹7.39 करोड़ (₹738.56 लाख) रहा। वहीं, कंसॉलिडेटेड नेट लॉस भी बढ़कर ₹1.88 करोड़ (₹188.31 लाख) हो गया, जो पिछले साल ₹0.01 करोड़ (₹0.60 लाख) था। पिछली तिमाही से तुलना करें तो कंसॉलिडेटेड रेवेन्यू 20.9% घटकर ₹9.33 करोड़ (₹933.31 लाख) रह गया था, और नेट लॉस ₹1.88 करोड़ रहा, जबकि पिछले क्वार्टर में ₹0.86 करोड़ का प्रॉफिट था।
खर्चों का बोझ:
कंपनी की कुल आय ₹7.53 करोड़ रही, जबकि कुल खर्चे ₹10.06 करोड़ रहे। इसके कारण टैक्स से पहले ₹2.53 करोड़ का प्री-टैक्स लॉस और टैक्स के बाद ₹1.88 करोड़ का नेट लॉस हुआ। बढ़ता हुआ नेट लॉस और घटता रेवेन्यू गंभीर परिचालन चुनौतियों का संकेत दे रहा है।
भविष्य पर अनिश्चितता:
इन नतीजों के बीच सबसे चिंताजनक बात यह है कि कंपनी के मैनेजमेंट ने भविष्य को लेकर कोई फॉरवर्ड-लुकिंग गाइडेंस या आउटलुक जारी नहीं किया है। इससे निवेशकों को कंपनी के भविष्य के प्रदर्शन और रिकवरी की संभावनाओं पर कोई स्पष्टता नहीं मिल पा रही है।