DAS Offshore के फाउंडर Ashok Khade को 2026 के पद्म श्री सम्मान से नवाजा गया है। निवेशकों के लिए यह जानना जरूरी है कि DAS Offshore एक अनलिस्टेड कंपनी है, जिसके शेयर NSE या BSE पर ट्रेड नहीं होते हैं।
इंडस्ट्रियल सेक्टर में बेहतरीन योगदान के लिए DAS Offshore के फाउंडर Ashok Khade को साल 2026 का पद्म श्री सम्मान मिला है। उनके करियर की शुरुआत 1970 के दशक में Mazagon Dock Shipbuilders में एक अपरेंटिस के तौर पर हुई थी, जिसके बाद उन्होंने 1993 में DAS Offshore की नींव रखी। आज यह कंपनी ऑयल एंड गैस इंडस्ट्री में ऑफशोर इंजीनियरिंग और फैब्रिकेशन का एक बड़ा नाम बन चुकी है।\n\n### फाइनेंशियल परफॉर्मेंस और बिजनेस शिफ्ट\nकंपनी ने फाइनेंशियल ईयर 2026 में ₹353 करोड़ का रेवेन्यू दर्ज किया है। दिलचस्प बात यह है कि कंपनी ने अब अपने फोकस को बदला है, जहां एक्सपोर्ट सर्विसेज से ₹196 करोड़ और घरेलू प्रोजेक्ट्स से ₹128 करोड़ की कमाई हुई है।\n\n### निवेशकों के लिए चेतावनी\nसाफ कर दें कि DAS Offshore एक 'पब्लिक अनलिस्टेड' कंपनी है। इसका मतलब है कि आप इसके शेयर को स्टॉक मार्केट (NSE या BSE) पर नहीं खरीद सकते और न ही इसका कोई पब्लिक प्राइस उपलब्ध है।\n\n### बिजनेस रिस्क पर नजर\nऑफशोर ऑयल और गैस इंडस्ट्री काफी साइक्लिकल होती है, जिससे रेवेन्यू पर असर पड़ सकता है। साथ ही, कंपनी को लेकर MSME वेंडर्स के भुगतान में देरी की खबरें भी सामने आई हैं। वर्किंग कैपिटल से जुड़ी ये चुनौतियां भविष्य में कंपनी की ऑपरेशनल स्टेबिलिटी के लिए अहम हैं। चूँकि कंपनी अनलिस्टेड है, इसलिए निवेशकों को पब्लिक लिस्टेड कंपनियों के मुकाबले कम जानकारी उपलब्ध होती है।
