पुणे रीजन में ट्रांसमिशन को मिलेगी मजबूती
POWERGRID को पुणे रीजन के लिए 'Network Expansion scheme in Maharashtra for removal of Transmission constrains in Pune Region-I (765/400 kV AIS Pune East)' नाम का प्रोजेक्ट मिला है। कंपनी को 11 फरवरी, 2026 को इसके लिए लेटर ऑफ इंटेंट (LoI) प्राप्त हुआ है।
इस प्रोजेक्ट के तहत, कंपनी अहिल्यानगर जिले में एक 765/400 kV एयर इंसुलेटेड सबस्टेशन (AIS) स्थापित करेगी। साथ ही, 765kV और 400kV की ट्रांसमिशन लाइनें बिछाई जाएंगी और मौजूदा सबस्टेशनों पर बे एक्सटेंशन का काम भी होगा। इन सब कदमों का मक़सद पुणे क्षेत्र में ट्रांसमिशन की बाधाओं को दूर कर ग्रिड की स्थिरता को बढ़ाना है।
BOOT मॉडल से लॉन्ग-टर्म रेवेन्यू का रास्ता
इस प्रोजेक्ट का सबसे अहम पहलू यह है कि इसे बिल्ड, ओन, ऑपरेट और ट्रांसफर (BOOT) आधार पर बनाया जाएगा। इस मॉडल से POWERGRID को एसेट को विकसित करने, उसे ऑपरेट करने और अंत में ट्रांसफर करने का मौका मिलेगा, जिससे कंपनी के लिए लम्बे समय तक रेवेन्यू का एक स्थिर जरिया सुनिश्चित होगा।
हालांकि, इस प्रोजेक्ट से जुड़ी कोई खास वित्तीय जानकारी (Financial Value) अभी सामने नहीं आई है। लेकिन, TBCB और BOOT जैसे मॉडल भारत में इंफ्रास्ट्रक्चर डेवलपमेंट के लिए काफी मज़बूत माने जाते हैं। यह WIN POWERGRID के ट्रांसमिशन नेटवर्क को बढ़ाने और लगातार रेवेन्यू स्ट्रीम्स को सुरक्षित करने के स्ट्रेटेजिक लक्ष्य के अनुरूप है।
आगे क्या? (Outlook)
ऐसे बड़े इंफ्रास्ट्रक्चर प्रोजेक्ट्स में एग्जीक्यूशन टाइमलाइन और लागत में बढ़ोतरी जैसे रिस्क हमेशा बने रहते हैं। लेकिन, POWERGRID का प्रोजेक्ट एग्जीक्यूशन में शानदार ट्रैक रिकॉर्ड और जटिल ट्रांसमिशन नेटवर्क्स को संभालने का अनुभव इन रिस्क को काफी हद तक कम करता है। फिलहाल, कंपनी के शेयर प्रदर्शन और इंडस्ट्री बेंचमार्क के आधार पर निवेशक इस प्रोजेक्ट की प्रॉफिटेबिलिटी का अंदाज़ा लगा सकते हैं। भविष्य में TBCB के ज़रिए ऐसे प्रोजेक्ट्स मिलते रहने की उम्मीद है, जो भारत के पावर ट्रांसमिशन विस्तार में POWERGRID की अहम भूमिका को और मज़बूत करेगा।