IPO फंड के इस्तेमाल पर रिपोर्ट, गवर्नेंस पर चिंता
Oval Projects Engineering Limited के इनिशियल पब्लिक ऑफरिंग (IPO) से जुटाए गए पैसों के उपयोग पर Monitoring Agency Infomerics Valuation and Rating की एक रिपोर्ट सामने आई है। रिपोर्ट इस बात की पुष्टि करती है कि कंपनी अपने IPO के उद्देश्यों के अनुसार फंड्स का उपयोग कर रही है, लेकिन साथ ही एक गंभीर गवर्नेंस चिंता भी उजागर हुई है, जो कंपनी के वित्तीय प्रबंधन पर सवाल खड़े करती है।
फंड का कैसा हो रहा है इस्तेमाल?
Oval Projects Engineering ने अपने IPO के ज़रिए कुल ₹46.74 करोड़ जुटाए थे। कंपनी के अनुसार, ₹40.97 करोड़ (खर्चों के बाद) के नेट प्रोसीड्स का 31 दिसंबर, 2025 को समाप्त तिमाही तक ₹17.49 करोड़ इस्तेमाल किया गया, जिससे कुल उपयोग ₹38.25 करोड़ तक पहुँच गया है। इंजीनियरिंग और कंस्ट्रक्शन फर्म होने के नाते, नेट प्रोसीड्स का एक बड़ा हिस्सा, यानि ₹29.10 करोड़, वर्किंग कैपिटल की ज़रूरतों को पूरा करने के लिए आवंटित और उपयोग किया गया। इसके अलावा, ₹3.85 करोड़ का उपयोग ऑडिटर फीस सहित जनरल कॉर्पोरेट उद्देश्यों के लिए किया गया।
'Commingling of Funds' की बड़ी चिंता
रिपोर्ट में Monitoring Agency, Infomerics Valuation and Rating, द्वारा उठाई गई मुख्य चिंता 'Commingling of Funds' यानी फंड्स का आपस में मिल जाना है। इसका मतलब है कि IPO से मिले पैसे को पूरी तरह से अलग खाते में रखने के बजाय, उन्हें कंपनी के अन्य खातों, जैसे मॉनिटरिंग, करंट और कैश क्रेडिट खातों में ट्रांसफर किया गया, जिससे वे अन्य फंड्स के साथ मिल गए। फंड्स के इस स्पष्ट अलगाव की कमी के कारण, Infomerics को फंड के उपयोग को सत्यापित करने के लिए कंपनी के मैनेजमेंट द्वारा दिए गए 'Management Certificate' पर काफी निर्भर रहना पड़ा, जिससे पारदर्शिता और नियंत्रण पर सवाल खड़े हुए।
'Commingling' क्यों है अहम?
फंड्स का आपस में मिल जाना एक महत्वपूर्ण गवर्नेंस मुद्दा है। यह वित्तीय रिकॉर्ड्स में भ्रम पैदा कर सकता है, अक्षमताओं को छुपा सकता है, और गंभीर मामलों में, कंपनी की कानूनी संरचना द्वारा अपने मालिकों की व्यक्तिगत संपत्ति को व्यावसायिक देनदारियों से बचाने वाले संरक्षण को कमजोर कर सकता है। निवेशकों के लिए, यह तरीका आंतरिक नियंत्रण की मजबूती और वित्तीय पारदर्शिता पर सवाल उठाता है, खासकर एक ऐसी नई लिस्टेड कंपनी के लिए जो निवेशकों का विश्वास बनाना चाहती है।
कंपनी की पृष्ठभूमि और प्रतिस्पर्धा
Oval Projects Engineering Limited, जिसने सितंबर 2025 में पब्लिक में कदम रखा था, Oil & Gas सेक्टर के लिए EPC (Engineering, Procurement, and Construction) और O&M (Operations & Maintenance) सेवाएं देने वाली एक इंफ्रास्ट्रक्चर कंपनी है। IPO का उद्देश्य वर्किंग कैपिटल की ज़रूरतों और सामान्य कॉर्पोरेट उद्देश्यों को पूरा करना था। कंपनी ने FY 2025-26 में ₹18.62 करोड़ की पूर्व-भुगतान (prepayments) भी की है, जो मूल रूप से अगले वित्तीय वर्ष के लिए निर्धारित थे। 31 दिसंबर, 2025 तक ₹8.49 करोड़ की राशि अभी भी अप्रयुक्त (unutilized) है। यह कंपनी Larsen & Toubro (L&T), Tata Projects और Reliance Infrastructure जैसे बड़े खिलाड़ियों के वर्चस्व वाले क्षेत्र में काम करती है, जहाँ मजबूत गवर्नेंस और वित्तीय अनुशासन महत्वपूर्ण है।