दमदार नंबर्स के साथ Nilkamal ने मचाया धमाल!
Nilkamal लिमिटेड के लिए बीता क्वार्टर, यानी Q3 FY26, कमाई के लिहाज़ से बेहद शानदार रहा। कंपनी ने एक ओर जहां अपना कंसोलिडेटेड रेवेन्यू 12.7% बढ़ाकर ₹962 करोड़ दर्ज किया, वहीं अकेले के दम पर (स्टैंडअलोन) मुनाफा 46.7% उछालकर ₹22 करोड़ पर पहुंचा दिया। इस शानदार प्रदर्शन की वजह रही कंपनी के B2B सेगमेंट में ज़बरदस्त ग्रोथ और लागत में की गई कटौती, जिसने कंपनी के EBITDA को 51.7% तक पहुँचा दिया।
नतीजों का पोस्टमार्टम: क्या रहे खास?
- रेवेन्यू की उड़ान: कंसोलिडेटेड लेवल पर कंपनी का रेवेन्यू पिछले साल की इसी तिमाही के ₹854 करोड़ से बढ़कर ₹962 करोड़ हो गया। स्टैंडअलोन रेवेन्यू में भी 12% की ग्रोथ देखने को मिली, जो ₹832 करोड़ से बढ़कर ₹933 करोड़ पर आ गया।
- मुनाफे में बंपर उछाल: कंपनी का स्टैंडअलोन EBITDA पिछले साल के ₹60 करोड़ के मुकाबले 51.7% बढ़कर ₹91 करोड़ रहा। हालांकि, एक एक्सेप्शनल आइटम (कर्मचारी लाभ के लिए अतिरिक्त प्रोविजन) ₹15.41 करोड़ के कारण स्टैंडअलोन प्रॉफिट बिफोर टैक्स (PBT) 42.1% बढ़कर ₹27 करोड़ रहा। लेकिन, प्रोविजन के बाद भी स्टैंडअलोन प्रॉफिट आफ्टर टैक्स (PAT) 46.7% की शानदार ग्रोथ के साथ ₹22 करोड़ तक पहुंच गया। कंसोलिडेटेड PAT में भी 13.6% की बढ़त दर्ज की गई, जो ₹25 करोड़ रहा।
- ऑपरेटिंग मार्जिन बेहतर: कंपनी ने अपनी ऑपरेटिंग एफिशिएंसी में सुधार दिखाया है, जिसका नतीजा है स्टैंडअलोन ऑपरेटिंग मार्जिन का 9.65% पर पहुंचना (जो पिछले साल 9.00% था)।
- कर्ज घटा, बैलेंस शीट मजबूत: कंपनी ने अपने नेट बॉरोइंग को सफलतापूर्वक ₹315 करोड़ तक कम कर लिया है, जबकि पिछले साल यह ₹349 करोड़ था। इससे कंसोलिडेटेड डेट-टू-इक्विटी रेश्यो भी 0.24 से घटकर 0.21 हो गया है, जो एक मज़बूत बैलेंस शीट का संकेत है।
- कैपेक्स में नरमी: कंपनी ने कैपिटल एक्सपेंडिचर (Capex) पर खर्च कम किया है। Q3 FY26 में यह ₹30 करोड़ रहा, जबकि पिछले साल यह ₹42 करोड़ था। 9 महीनों के लिए Capex ₹108 करोड़ रहा, जो पिछले साल के ₹232 करोड़ से काफी कम है।
सेगमेंट का कमाल: B2B ने दिखाई दम
कंपनी की ग्रोथ में B2B सेगमेंट्स का बड़ा योगदान रहा। खासकर, मैट्रेस और फोम सेगमेंट में 68%, बबलगार्ड में 33% और फर्नीचर सेगमेंट में 16% की ज़बरदस्त ग्रोथ देखी गई। B2B सेगमेंट में कुल वैल्यू ग्रोथ 12% और वॉल्यूम ग्रोथ 6% रही।
रिटेल और ई-कॉमर्स सेगमेंट में भी 13% की ग्रोथ के साथ ₹110 करोड़ का टर्नओवर आया, हालांकि यह सेगमेंट अभी भी ₹7 करोड़ के नेगेटिव EBIT (Earnings Before Interest and Taxes) में है, पर पिछले साल के ₹18 करोड़ के नेगेटिव EBIT से यह एक सुधार है।
आगे क्या? जोखिम और उम्मीदें
Nilkamal के मजबूत B2B प्रदर्शन से यह उम्मीद जगी है कि कंपनी अपनी मुख्य ताकत पर फोकस करके आगे भी ग्रोथ बनाए रखेगी। निवेशकों की नज़र अब रिटेल सेगमेंट पर रहेगी कि कब यह प्रॉफिट में आता है। कर्ज कम होना और Capex में नरमी कंपनी को भविष्य की ग्रोथ के लिए एक मजबूत वित्तीय आधार प्रदान करती है।