NCC Limited ने अपने बिल्डिंग डिवीजन के लिए **₹430.19 करोड़** के नए कॉन्ट्रैक्ट हासिल किए हैं। इस नई जीत के साथ कंपनी का ऑर्डर बुक और भी मजबूत हो गया है, जो **30 जून, 2026** तक **₹81,000 करोड़** के पार पहुंच चुका था।
ऑर्डर्स की डिटेल और ग्रोथ
इन्फ्रास्ट्रक्चर कंपनी NCC Limited ने अगस्त 2026 के दौरान ₹430.19 करोड़ के तीन नए कॉन्ट्रैक्ट्स पर मुहर लगाई है। कंपनी लगातार अपने प्रोजेक्ट पाइपलाइन को विस्तार दे रही है। वित्त वर्ष 2027 की पहली तिमाही में कंपनी ने शानदार प्रदर्शन किया है। NCC का कंसोलिडेटेड रेवेन्यू ₹5,812.48 करोड़ रहा, जो पिछले साल के मुकाबले 12.2% की बढ़ोतरी है, जबकि नेट प्रॉफिट 12.6% बढ़कर ₹216.40 करोड़ पर पहुंच गया है।
ऑर्डर बुक का दम
कंपनी का कंसोलिडेटेड ऑर्डर बुक ₹81,214 करोड़ का है, जो भविष्य की कमाई के लिए मजबूत आधार प्रदान करता है। NCC शहरी इंफ्रास्ट्रक्चर, माइनिंग और ट्रांसपोर्टेशन जैसे अलग-अलग सेक्टर में काम करती है, जिससे रेवेन्यू के स्रोत सुरक्षित बने रहते हैं।
निवेशकों के लिए जरूरी बातें
भले ही ऑर्डर बुक मजबूत हो, लेकिन निवेशकों को कंस्ट्रक्शन सेक्टर के जोखिमों पर नज़र रखनी चाहिए। स्टील और सीमेंट जैसे कच्चे माल (Raw Materials) की कीमतों में उतार-चढ़ाव कंपनी के मार्जिन पर दबाव बना सकते हैं। इसके अलावा, इंफ्रा सेक्टर कैपिटल-इंटेंसिव है, इसलिए कंपनी का कैश फ्लो और कर्ज का स्तर ट्रैक करना बहुत जरूरी है। प्रोजेक्ट का समय पर पूरा होना और सरकारी खर्चों में बदलाव भी कंपनी की रेवेन्यू ग्रोथ की रफ्तार तय करेंगे। फिलहाल शेयर ₹146-₹149 के दायरे में ट्रेड कर रहा है।
