NBCC (India) ने देश भर में इंफ्रास्ट्रक्चर प्रोजेक्ट्स के लिए NHPC के साथ एक एग्रीमेंट साइन किया है। 'डिपॉजिट वर्क' मॉडल के तहत, NBCC निर्माण कार्य के प्रबंधन के लिए **5.5%** फीस चार्ज करेगी, जिससे कंपनी का ऑर्डर बुक और मजबूत होगा।
सरकारी कंस्ट्रक्शन कंपनी NBCC (India) लिमिटेड ने देश की प्रमुख हाइड्रोपावर जनरेटर NHPC लिमिटेड के साथ एक रणनीतिक साझेदारी की है। 28 अगस्त, 2026 को फरीदाबाद में हुए इस समझौते के तहत, NBCC देशभर में NHPC के इंफ्रास्ट्रक्चर प्रोजेक्ट्स के लिए 'प्रोजेक्ट मैनेजमेंट कंसल्टेंसी' (PMC) सेवाएं देगी।\n\nयह पार्टनरशिप डिजाइन, इंजीनियरिंग, निर्माण और ऑफिस व रेजिडेंशियल कॉम्प्लेक्स की कमीशनिंग जैसे बड़े कामों को कवर करेगी। NBCC के सरकारी प्रोजेक्ट्स को समय पर पूरा करने के ट्रैक रिकॉर्ड को देखते हुए, NHPC अपनी इंफ्रास्ट्रक्चर क्षमता को तेजी से बढ़ा सकेगी।\n\n### 'डिपॉजिट वर्क' मॉडल का फायदा\n\nनिवेशकों के लिए इस डील का सबसे अहम हिस्सा 'डिपॉजिट वर्क' मॉडल है। इसमें NBCC केवल प्रोजेक्ट मैनेजर के तौर पर काम करेगी, जबकि निर्माण के लिए फंड NHPC देगी। इस काम के लिए NBCC को फिक्स 5.5% की फीस मिलेगी। यह मॉडल कंपनियों के लिए सुरक्षित माना जाता है क्योंकि इसमें वर्किंग कैपिटल का तनाव कम रहता है, जो ट्रेडिशनल EPC कॉन्ट्रैक्ट्स में अक्सर देखने को मिलता है।\n\n### रिस्क फैक्टर्स और ध्यान देने वाली बातें\n\nहालाँकि, यह डील NBCC के ऑर्डर बुक में इजाफा करेगी, लेकिन इसमें कुछ जोखिम भी हैं। सरकारी प्रोजेक्ट्स में अक्सर रेगुलेटरी अप्रूवल या जमीन विवादों के कारण देरी हो सकती है। इसके अलावा, NHPC से फंड मिलने की गति पर भी पूरे प्रोजेक्ट की सफलता निर्भर करेगी। अगर एडमिनिस्ट्रेटिव देरी होती है, तो फीस मिलने में भी समय लग सकता है। निवेशकों को आगे चलकर इस बात पर नजर रखनी चाहिए कि प्रोजेक्ट्स कितनी तेजी से प्लानिंग स्टेज से कंस्ट्रक्शन फेज तक पहुंचते हैं।
