डोमेस्टिक बिज़नेस को मिलेगा बूस्ट: सेफगार्ड ड्यूटी का असर
हाल ही में स्टील इंपोर्ट पर लगाई गई सेफगार्ड ड्यूटी (Safeguard Duty) TATA Steel के घरेलू कारोबार के लिए एक बड़ा बूस्टर साबित हो सकती है। इस कदम से विदेशी शिपमेंट में कमी आने की उम्मीद है, जिससे घरेलू उत्पादकों के लिए सेल्स वॉल्यूम और कीमतों को बढ़ाने का एक बेहतर माहौल बनेगा।
कैपेसिटी बढ़ाना और EU बिज़नेस में रिकवरी
Motilal Oswal TATA Steel को लॉन्ग-टर्म ग्रोथ के लिए अच्छी स्थिति में देखता है, खासकर कंपनी की चल रही कैपेसिटी बढ़ाने की योजनाओं (Capacity Expansions) के चलते। इसके अलावा, कंपनी के यूरोपीय ऑपरेशंस (EU Business) में भी धीरे-धीरे सुधार आने की संभावना है। अनुकूल रेगुलेशन और लागत कम करने के उपायों से कंपनी के कंसोलिडेटेड फाइनेंशियल नतीजों में सुधार देखने को मिल सकता है।
वैल्यूएशन और टारगेट प्राइस
फिलहाल, TATA Steel का वैल्यूएशन अनुमानित FY28 EV/EBITDA के लगभग 7 गुना और अनुमानित FY28 प्राइस-टू-बुक रेशियो (Price-to-Book Ratio) के 2 गुना पर है। Motilal Oswal अपनी 'Buy' रिकमेन्डेशन पर कायम है और FY28 अनुमानों के आधार पर सम ऑफ द पार्ट्स (SoTP) टारगेट प्राइस ₹250 तय किया है। यह वैल्यूएशन शेयर में काफी ऊपर जाने की संभावना बताता है।
