Motherson Group का 'महा-लक्ष्य': **2030** तक ₹9 लाख करोड़ का रेवेन्यू, अब इलेक्ट्रॉनिक्स और ड्रोन में बड़ा दांव!

INDUSTRIAL-GOODSSERVICES
Whalesbook Logo
AuthorMehul Desai|Published at:
Motherson Group का 'महा-लक्ष्य': **2030** तक ₹9 लाख करोड़ का रेवेन्यू, अब इलेक्ट्रॉनिक्स और ड्रोन में बड़ा दांव!
Overview

Motherson Group ने **2030** तक **108 अरब डॉलर (करीब ₹9 लाख करोड़)** का रेवेन्यू हासिल करने का बड़ा लक्ष्य रखा है। कंपनी अब ऑटो कंपोनेंट्स से आगे बढ़कर कंज्यूमर इलेक्ट्रॉनिक्स, मेडिकल इक्विपमेंट और ड्रोन पार्ट्स जैसे नए सेक्टर्स में भारी निवेश करने जा रही है।

महत्वाकांक्षी लक्ष्य: 2030 तक 108 अरब डॉलर रेवेन्यू

Motherson Group 2030 तक 108 अरब डॉलर (लगभग ₹9 लाख करोड़) का रेवेन्यू बनाने के अपने बड़े लक्ष्य पर कायम है। इस महत्वाकांक्षा के साथ, कंपनी 40% रिटर्न ऑन कैपिटल एम्प्लॉयड (ROCE) का असाधारण लक्ष्य भी हासिल करना चाहती है। हाल ही में खत्म हुए Financial Year 2025 (FY25) में, ग्रुप ने ₹1.13 ट्रिलियन (लगभग 13.6 अरब डॉलर) का रेवेन्यू दर्ज किया, जो पिछले साल के मुकाबले 15% ज्यादा है। इस अवधि में ROCE 17.2% रहा।

नए फ्रंटियर्स की ओर रणनीतिक कदम

ग्रुप का विकास का खाका पारंपरिक ऑटो कंपोनेंट्स और एयरोस्पेस सेगमेंट से आगे जाता है। Motherson कंज्यूमर इलेक्ट्रॉनिक्स और मेडिकल इक्विपमेंट में सक्रिय रूप से विस्तार कर रहा है, साथ ही ड्रोन के लिए पार्ट्स बनाने में भी कदम रख रहा है। वाइस चेयरमैन लक्ष वैद्यमान Sehgal ने इस रणनीतिक बदलाव पर जोर देते हुए कहा कि कंपनी की सबसे बड़ी मैन्युफैक्चरिंग फैसिलिटी अब कंज्यूमर इलेक्ट्रॉनिक्स का उत्पादन कर रही है। यह Motherson के लिए एक महत्वपूर्ण ऑपरेशनल और कल्चरल विकास का प्रतिनिधित्व करता है। खास बात यह है कि कमर्शियल ड्रोन मार्केट के 2035 तक 992.87 अरब डॉलर तक पहुंचने का अनुमान है, जो AI और लॉजिस्टिक्स में इसके बढ़ते इस्तेमाल से प्रेरित है।

सेक्टरियल बदलावों और कॉम्पिटिशन का सामना

ऑटो इंडस्ट्री खुद कनेक्टेड, ऑटोनॉमस, शेयर्ड और इलेक्ट्रिक (CASE) मोबिलिटी जैसे बड़े बदलावों से गुजर रही है। इन बदलावों के लिए सप्लायर्स को हार्डवेयर मार्जिन पर बढ़ते दबाव और सॉफ्टवेयर व कनेक्टेड सर्विसेज़ पर अधिक जोर देने की आवश्यकता है। जबकि Motherson ने ऑटो कंपोनेंट्स में एक मजबूत उपस्थिति दर्ज की है, कंज्यूमर इलेक्ट्रॉनिक्स में प्रवेश के साथ वह Samsung, LG और Apple जैसे स्थापित ग्लोबल दिग्गजों से सीधे मुकाबले में आ जाएगी। यह सेक्टर 2026 में लगभग 922.66 अरब डॉलर से बढ़कर 2034 तक 1.76 ट्रिलियन डॉलर होने का अनुमान है। कंपनी का वर्तमान P/E रेशियो 40-42.5x के आसपास है, जो भविष्य की मजबूत ग्रोथ की उम्मीद दर्शाता है। हालांकि, यह भारतीय ऑटो कंपोनेंट्स इंडस्ट्री के औसत 31x की तुलना में प्रीमियम पर ट्रेड करता है, पर कुछ ग्लोबल पियर्स से बेहतर है।

एग्जीक्यूशन और वैल्यूएशन की बाधाएं

108 अरब डॉलर का आक्रामक रेवेन्यू लक्ष्य, 40% ROCE के लक्ष्य के साथ, महत्वपूर्ण एग्जीक्यूशन रिस्क पैदा करता है। मुख्य मैन्युफैक्चरिंग बेस को कंज्यूमर इलेक्ट्रॉनिक्स में बदलना, जो अत्यधिक प्रतिस्पर्धी है और संभावित रूप से ऑटो पार्ट्स की तुलना में कम मार्जिन वाला क्षेत्र है, एक बड़ी चुनौती है। 40% ROCE का लक्ष्य FY25 में हासिल 17.2% और मैन्युफैक्चरिंग की कैपिटल-इंटेंसिव प्रकृति को देखते हुए, विशेष रूप से नए, प्रतिस्पर्धी बाजारों में, बेहद महत्वाकांक्षी लगता है।

एनालिस्ट की राय और भविष्य का दृष्टिकोण

इन चुनौतियों के बावजूद, एनालिस्ट्स का समुदाय आम तौर पर सकारात्मक रुख बनाए हुए है। Samvardhana Motherson International (MOTHERSON) के लिए 'Buy' की कंसेंसस रेटिंग है, जिसमें 22 एनालिस्ट्स स्टॉक को कवर कर रहे हैं। उनका औसत 12 महीने का टारगेट प्राइस लगभग ₹129.57 है, जो मौजूदा ट्रेडिंग लेवल (₹120-132 के आसपास) से एक मामूली अपसाइड का संकेत देता है। MarketsMOJO ने भी February 2026 में 'Buy' रेटिंग जारी की थी, जो मजबूत ग्रोथ क्षमता और अनुकूल रिस्क-रिवॉर्ड प्रोफाइल को देखते हुए थी। कंपनी की कमाई में सालाना 30.5% की ग्रोथ का अनुमान है, जो भारतीय बाजार से बेहतर है, हालांकि रेवेन्यू ग्रोथ 11% सालाना रहने की उम्मीद है।

Disclaimer:This content is for educational and informational purposes only and does not constitute investment, financial, or trading advice, nor a recommendation to buy or sell any securities. Readers should consult a SEBI-registered advisor before making investment decisions, as markets involve risk and past performance does not guarantee future results. The publisher and authors accept no liability for any losses. Some content may be AI-generated and may contain errors; accuracy and completeness are not guaranteed. Views expressed do not reflect the publication’s editorial stance.