ICICI Securities ने Mishra Dhatu Nigam (MIDHANI) के लिए ₹510 का टारगेट प्राइस सेट किया है। कंपनी की पिछली तिमाही के रेवेन्यू में ज़बरदस्त बढ़ोतरी हुई है, हालांकि ऑपरेटिंग मार्जिन पर थोड़ा दबाव देखा गया।
ICICI Securities ने दी 'Buy' रेटिंग
ICICI Securities ने डिफेंस सेक्टर की दिग्गज कंपनी Mishra Dhatu Nigam (MIDHANI) पर अपना भरोसा जताया है। ब्रोकरेज फर्म ने इस स्टॉक के लिए 'Buy' रेटिंग के साथ ₹510 का टारगेट प्राइस तय किया है। यह रेटिंग कंपनी के हालिया फाइनेंशियल ईयर 2027 की पहली तिमाही के नतीजों के बाद आई है।
रेवेन्यू में 40% से ज्यादा की ग्रोथ
MIDHANI ने Q1 FY27 में ₹239.49 करोड़ का रेवेन्यू दर्ज किया है, जो पिछले साल की समान अवधि के मुकाबले 40.46% की शानदार बढ़ोतरी है। ब्रोकरेज फर्म के मुताबिक, यह ग्रोथ प्रोडक्शन एफिशिएंसी में सुधार और कच्चे माल को फिनिश्ड प्रोडक्ट्स में बदलने की बेहतर क्षमता के कारण संभव हुई है।
मार्जिन पर दबाव, पर सुधार की उम्मीद
हालांकि, कंपनी के ऑपरेटिंग प्रॉफिट मार्जिन पर थोड़ा दबाव देखा गया है। इस तिमाही में मार्जिन 15.3% रहा, जो पिछली अवधियों की तुलना में कम है। इसका मुख्य कारण कच्चे माल और एनर्जी (खासकर LPG) की बढ़ी हुई कीमतें हैं, जो ग्लोबल सप्लाई में आई दिक्कतों के कारण बढ़ी थीं। एनालिस्ट्स का मानना है कि अगर इन एकमुश्त लागतों को हटा दिया जाए, तो प्रॉफिट मार्जिन कंपनी के आंतरिक लक्ष्यों के करीब हैं। ब्रोकरेज को उम्मीद है कि प्रोडक्शन एफिशिएंसी में सुधार के साथ ये मार्जिन सामान्य हो जाएंगे।
GE Aerospace से S400 सर्टिफिकेशन: गेम चेंजर?
रिपोर्ट का एक अहम पहलू GE Aerospace से S400 सर्टिफिकेशन हासिल करना है। यह MIDHANI के लिए एक बड़ा कदम है, क्योंकि इससे कंपनी को स्पेशलाइज्ड टाइटेनियम अलॉयज और स्टील्स के लिए बड़ा मार्केट एक्सेस मिलेगा। पहले इन मैटेरियल्स का इम्पोर्ट किया जाता था, लेकिन अब यह सर्टिफिकेशन डोमेस्टिक मार्केट में इम्पोर्ट को रिप्लेस करके कंपनी की हिस्सेदारी बढ़ाने में मदद कर सकता है।
ऑर्डर बुक और भविष्य की योजनाएं
1 जुलाई 2026 तक, कंपनी के पास ₹2,329 करोड़ का ऑर्डर बुक है, जो भविष्य में रेवेन्यू के लिए एक मजबूत संकेत है। हालांकि, निवेशकों को कुछ जोखिमों पर भी ध्यान देना चाहिए। कच्चे माल और एनर्जी की कीमतों में उतार-चढ़ाव सीधे प्रॉफिटेबिलिटी को प्रभावित कर सकता है। इसके अलावा, कंपनी अगले तीन सालों में लगभग ₹1,000 करोड़ का कैपिटल एक्सपेंडिचर करने की योजना बना रही है, जिसके सफल निष्पादन पर नजर रहेगी।
डिफेंस और एयरोस्पेस सेक्टर में सप्लायर होने के नाते, MIDHANI का परफॉरमेंस सरकारी खर्च और खरीद नीतियों पर भी निर्भर करता है। कंपनी को उम्मीद है कि तीसरी तिमाही तक प्रॉफिट मार्जिन में सुधार होगा और यह सामान्य स्तर पर आ जाएंगे।
