Kamdhenu Limited ने 31 दिसंबर 2024 को समाप्त हुई तीसरी तिमाही (Q3 FY25) के नतीजे पेश किए हैं। कंपनी ने पिछले साल की समान अवधि के मुकाबले अपने नेट प्रॉफिट (Net Profit) में 67.07% का जबरदस्त इजाफा दर्ज किया है। यह मुनाफा बढ़कर ₹20.80 करोड़ पर पहुंच गया है। कंपनी का अर्निंग्स पर शेयर (EPS) भी 64.44% बढ़कर ₹0.74 हो गया।
हालांकि, इस शानदार मुनाफे के पीछे कंपनी के रेवेन्यू फ्रॉम ऑपरेशंस (Revenue from Operations) में 3.47% की गिरावट आई है, जो ₹168.83 करोड़ रहा। तिमाही-दर-तिमाही (QoQ) के आधार पर देखें तो नेट प्रॉफिट में 11.28% का उछाल आया, मगर रेवेन्यू 11.67% गिर गया।
वित्त वर्ष 2025 के पहले नौ महीनों (9M FY25) के दौरान, कंपनी का नेट प्रॉफिट 39.16% बढ़कर ₹60.92 करोड़ रहा, जबकि रेवेन्यू फ्रॉम ऑपरेशंस में मामूली 1.10% की बढ़त के साथ ₹555.75 करोड़ का आंकड़ा छुआ।
मुनाफे का मुख्य कारण: 'Other Income' में उछाल
कंपनी के मुनाफे में इतनी बड़ी बढ़ोतरी की वजह 'Other Income' का चमत्कारिक प्रदर्शन रहा। Q3 FY24 में जहाँ 'Other Income' में ₹2.30 करोड़ का घाटा था, वहीं Q3 FY25 में यह ₹7.16 करोड़ के फायदे में बदल गया। 9 महीनों की अवधि में भी 'Other Income' में 90.42% का भारी उछाल देखा गया और यह ₹19.54 करोड़ पर पहुंच गया।
कंपनी ने बताया है कि पिछले प्रेफरेंशियल इश्यू (preferential issue) से प्राप्त हुए अप्रयुक्त फंड (unutilised funds) को फिक्स्ड डिपॉजिट (fixed deposits) में निवेश किया गया था, जिससे यह अतिरिक्त आय (Other Income) उत्पन्न हुई। कुल खर्चे (Total Expenses) 4.21% तक कम रखे गए, जिससे प्रॉफिट बिफोर टैक्स (PBT) में 58.37% का इजाफा हुआ और यह ₹26.83 करोड़ रहा।
प्रमोटर फर्म में बड़ा निवेश
इन नतीजों के साथ ही, Kamdhenu Limited के बोर्ड ने एक महत्वपूर्ण रणनीतिक कदम भी उठाया है। कंपनी अपनी प्रमोटर ग्रुप की कंपनी, Kamdhenu Ventures Limited (KVL) में ₹20.16 करोड़ का निवेश करेगी। यह निवेश ₹6.80 प्रति वारंट की दर से 2,96,45,000 कनवर्टिबल वारंट्स (convertible warrants) के जरिए किया जाएगा।
इस निवेश का मुख्य उद्देश्य KVL की सब्सिडियरी, Kamdhenu Colour and Coatings Limited (KCCL) को फंड मुहैया कराना है, ताकि वह अपने पेंट बिजनेस (paint business) का विस्तार कर सके और नए प्रोडक्ट्स लॉन्च कर सके। इससे पेंट सेक्टर में कंपनी की मौजूदगी मजबूत होगी। वारंट्स के इक्विटी में कन्वर्ट होने के बाद, Kamdhenu Limited की KVL में लगभग 8.62% हिस्सेदारी हो जाएगी।
आगे क्या?
हालांकि, कंपनी के प्रदर्शन में कुछ चिंताएं भी साफ दिख रही हैं। रेवेन्यू फ्रॉम ऑपरेशंस में लगातार आ रही गिरावट भविष्य में मुनाफे की स्थिरता पर सवाल खड़े करती है, खासकर तब जब 'Other Income' पर निर्भरता बढ़ रही हो। निवेशकों की नजरें अब इस बात पर रहेंगी कि कंपनी अपने मुख्य कारोबार में टॉप-लाइन ग्रोथ को कैसे वापस पटरी पर लाती है और KCCL के विस्तार की योजनाएं कितनी सफल होती हैं।
