टर्नओवर इंसेंटिव से मुनाफे को मिलेगी रफ्तार
राजस्थान इन्वेस्टमेंट प्रमोशन स्कीम (RIPS) ने KRN Heat Exchanger and Refrigeration की नीमराणा यूनिट के लिए इंसेंटिव को मंजूरी दे दी है। इससे कंपनी के फाइनेंशियल परफॉर्मेंस में काफी सुधार की उम्मीद है। इस स्कीम के तहत, कंपनी को नेट सेल्स पर 1.54% टर्नओवर इंसेंटिव मिलेगा, जिसमें 1.40% का बेस रेट और 10% एम्प्लॉयमेंट बूस्टर शामिल है। इसका मकसद लागत को कम करना और मार्जिन को बढ़ाना है, जो कंपनी के ₹183 करोड़ के फिक्स्ड कैपिटल इन्वेस्टमेंट का समर्थन करेगा।
निवेश पर सरकार की मुहर और प्रोडक्शन का पैमाना
सरकार का यह समर्थन KRN की मैन्युफैक्चरिंग कैपेसिटी बढ़ाने की रणनीति को मजबूती देता है। 2017 में स्थापित KRN, HVAC&R इंडस्ट्री के लिए एल्युमीनियम और कॉपर फिन और ट्यूब हीट एक्सचेंजर्स बनाती है। नीमराणा में कंपनी का 1.50 लाख वर्ग फुट का प्लांट सालाना 10 लाख से ज्यादा यूनिट्स का उत्पादन कर सकता है, जिसमें से 23% का एक्सपोर्ट होता है। हाल ही में कंपनी के रेवेन्यू में 57.36% की ग्रोथ देखी गई है, जो इसके तीन साल के CAGR 39.79% से कहीं ज्यादा है।
वैल्यूएशन और मार्केट पोजीशन
KRN Heat Exchanger का प्राइस-टू-अर्निंग (P/E) रेश्यो 84.68 से 96.42 के बीच है, जो इसके प्रीमियम मार्केट वैल्यूएशन को दर्शाता है। मई 2026 तक लगभग ₹6,761 करोड़ के मार्केट कैपिटलाइजेशन के साथ, यह कंपनी इंडस्ट्रियल सेक्टर में काम करती है। निवेशक इस बात पर नजर रखेंगे कि राजस्थान सरकार के इंसेंटिव इसके मौजूदा वैल्यूएशन के मुकाबले मुनाफे में कैसे तब्दील होते हैं। वहीं, इसके कॉम्पिटिटर PTC Industries का P/E रेश्यो 365.07 है। मार्च 2026 को समाप्त तिमाही के लिए KRN का नेट प्रॉफिट पिछले साल की तुलना में 57.1% बढ़ा है।
भविष्य की राह
RIPS 2024 पॉलिसी, जो 2029 तक लागू रहेगी, का उद्देश्य राजस्थान को निवेश के लिए और अधिक आकर्षक बनाना है। यह 'ईज ऑफ डूइंग बिजनेस' को बेहतर बनाने और लागत कम करने पर केंद्रित है। यह स्कीम ग्रीन ग्रोथ और एक्सपोर्ट पर फोकस करने वाले सेक्टर्स को सपोर्ट करती है, जिससे KRN के प्रोडक्शन को फायदा हो सकता है। एनालिस्ट्स की राय मिली-जुली है, हालांकि कुछ इसमें पॉजिटिव ग्रोथ की संभावना देख रहे हैं। कंपनी ने लगातार मुनाफा दिखाया है, लेकिन अभी तक कोई डिविडेंड नहीं दिया है। भविष्य में सफलता इस बात पर निर्भर करेगी कि कंपनी इन इंसेंटिव्स का इस्तेमाल ग्रोथ को कैसे गति देती है और अपने वैल्यूएशन को कैसे सही ठहराती है।
