ऑर्डर बुक में जबरदस्त उछाल!
Jash Engineering Limited ने अपने ऑर्डर बुक को मजबूत करने के लिए एक बड़ी कामयाबी हासिल की है। जनवरी 2026 में नए बिज़नेस की एक अच्छी लहर आई, जिसने कंपनी की रेवेन्यू विजिबिलिटी को और बढ़ाया। इस महीने में कुल ₹74 करोड़ के ऑर्डर मिले, जिसमें ₹26 करोड़ का बिज़नेस डोमेस्टिक (घरेलू) क्लाइंट्स से आया, तो वहीं ₹48 करोड़ के ऑर्डर अंतरराष्ट्रीय बाजारों से मिले।
किसने दिए कितने ऑर्डर?
घरेलू मोर्चे पर, Mahalaxmi Infra और Hariom Electricals जैसी कंपनियों ने ₹26 करोड़ के ऑर्डर दिए हैं। वहीं, अंतरराष्ट्रीय स्तर पर VA Tech Wabag (ट्यूनीशिया), ATAL Engineering (हांगकांग), और Portsmouth Dry Dock 3 (USA) जैसे बड़े नाम ₹48 करोड़ के ऑर्डर लेकर आए हैं।
₹923 करोड़ की कंसोलिडेटेड ऑर्डर बुक
इन नए ऑर्डरों के बाद, 1 फरवरी 2026 तक Jash Engineering की कंसोलिडेटेड ऑर्डर बुक ₹923 करोड़ के शानदार स्तर पर पहुंच गई है। इस टोटल ऑर्डर बुक में ₹270 करोड़ का हिस्सा घरेलू प्रोजेक्ट्स का है, जबकि ₹653 करोड़ अंतरराष्ट्रीय प्रोजेक्ट्स से जुड़े हैं। विशेष रूप से, अमेरिका (USA) से ₹380 करोड़ के बड़े ऑर्डर कंपनी की इंटरनेशनल ग्रोथ की कहानी कह रहे हैं। इसके अलावा, यूके (UK) से ₹19 करोड़ और ऑस्ट्रिया (Austria) से ₹15 करोड़ के ऑर्डर भी इस बुक का हिस्सा हैं।
और भी हैं हाथ लगने की उम्मीद
फिलहाल, कंपनी के पास ₹49 करोड़ के और भी कंसोलिडेटेड ऑर्डर नेगोशिएशन (बातचीत) के दौर में हैं, जिनमें से ₹20 करोड़ भारत से और ₹29 करोड़ अंतरराष्ट्रीय प्रोजेक्ट्स से आने की उम्मीद है।
क्या है इसका मतलब?
यह बड़ा ऑर्डर बुक Jash Engineering को आने वाले फाइनेंशल इयर्स (Financial Years) के लिए मजबूत रेवेन्यू विजिबिलिटी (Revenue Visibility) प्रदान करता है। कंपनी की अंतरराष्ट्रीय बाजारों, खासकर अमेरिका में बढ़ती पकड़, ग्लोबल डिमांड और सफल मार्केट पेनिट्रेशन (Market Penetration) को दर्शाती है। VA Tech Wabag और Portsmouth Dry Dock 3 जैसे प्रमुख ग्लोबल प्लेयर्स से ऑर्डर मिलना, कंपनी की कॉम्पिटिटिव पोजिशनिंग (Competitive Positioning) और प्रोडक्ट क्वालिटी को बताता है।