Indian Foundation for Quality Management (IFQM) अपना तीसरा नेशनल सिम्पोजियम 5-6 अक्टूबर, 2026 को नई दिल्ली में आयोजित करने जा रहा है। इस कार्यक्रम में **300** से ज्यादा CEO और एक्सपर्ट्स मैन्युफैक्चरिंग में क्वालिटी और इनोवेशन पर चर्चा करेंगे।
नई दिल्ली के ताज पैलेस में होने वाले इस दो दिवसीय आयोजन का मुख्य केंद्र 'क्वालिटी, इनोवेशन और एक्सीलेंस' रहेगा। यह मंच उन बड़े कॉरपोरेट्स के लिए एक महत्वपूर्ण जरिया है जो भारत को एक ग्लोबल मैन्युफैक्चरिंग हब के रूप में स्थापित करना चाहते हैं।
प्रमुख दिग्गजों का होगा जमावड़ा
इस फाउंडेशन की स्थापना Tata Group, TVS Motor Company और Sun Pharma जैसे बड़े समूहों ने मिलकर की थी। इस सिम्पोजियम में Larsen & Toubro, Biocon Group और अन्य बड़ी कंपनियों के टॉप लीडरशिप हिस्सा लेंगे। यह इवेंट सीधे तौर पर मार्केट में हलचल मचाने वाला तो नहीं है, लेकिन यह निवेशकों को उन स्ट्रैटेजिक दिशाओं के बारे में संकेत देता है जिन पर आने वाले समय में कंपनियां काम करेंगी।
भविष्य की रणनीति पर नजर
सिम्पोजियम के दौरान फार्मास्युटिकल्स से लेकर इंफ्रास्ट्रक्चर और ऑटोमोटिव सेक्टर तक के भविष्य पर चर्चा होगी। फार्मा क्षेत्र में जेनेरिक्स से हटकर इनोवेटिव ड्रग डेवलपमेंट पर फोकस बढ़ने की उम्मीद है, जबकि इंफ्रा सेक्टर में इंजीनियरिंग स्टैंडर्ड्स को वैश्विक स्तर पर ले जाने की रणनीति पर मंथन होगा।
निवेशकों के लिए यह जानना जरूरी है कि इस तरह के मंचों पर होने वाली चर्चाएं अक्सर कंपनियों के भविष्य के ऑपरेशंस, जैसे AI का मैन्युफैक्चरिंग में इस्तेमाल या नए क्वालिटी स्टैंडर्ड्स अपनाने का आधार बनती हैं। कार्यक्रम के बाद आने वाली रिपोर्ट्स और वाइटपेपर्स कंपनियों की लॉन्ग-टर्म प्रॉफिटेबिलिटी का आईना साबित हो सकते हैं।
