नंबर्स क्या कहते हैं?
Huhtamaki India ने अपने FY2025 के ऑडिटेड नतीजे जारी किए हैं, जो कंपनी की मज़बूत ऑपरेशनल परफॉरमेंस को दर्शाते हैं। पूरे साल की बात करें तो, सेल्स 2.5% घटकर ₹23,890.4 मिलियन रही, जो पिछले साल ₹24,505.3 मिलियन थी। लेकिन, इंटरेस्ट और टैक्स से पहले का मुनाफा (EBIT) 68% की शानदार छलांग लगाकर ₹1,035.1 मिलियन से ₹1,739 मिलियन पर पहुंच गया। इससे EBIT मार्जिन भी सुधरकर 7.3% हो गया।
प्रॉफ़िट आफ्टर टैक्स (PAT) में भी 34.3% की वृद्धि हुई, जो ₹879.7 मिलियन से बढ़कर ₹1,181.6 मिलियन हो गया। नतीजतन, प्रति शेयर आय (EPS) में भी लगभग 83.9% का उछाल आया, जो ₹8.51 से बढ़कर ₹15.65 हो गई।
चौथी तिमाही (Q4) में भी रहा जलवा
FY2025 की चौथी तिमाही के नतीजे भी कमज़ोर नहीं थे। नेट सेल्स जहाँ पिछले साल के बराबर यानी ₹5,991 मिलियन पर सपाट रही, वहीं EBIT में 167% का ज़बरदस्त उछाल आया। यह ₹182 मिलियन से बढ़कर ₹486 मिलियन हो गया, जिससे Q4 में EBIT मार्जिन 8.1% रहा। PAT में 159.2% की भारी बढ़ोतरी देखी गई, जो ₹303.0 मिलियन पर रहा, और EPS ₹1.55 से बढ़कर ₹4.02 हो गया।
क्या है इस प्रदर्शन का राज़?
इतने कम या स्थिर सेल्स के बावजूद मुनाफे में भारी बढ़ोतरी, कंपनी की कॉस्ट एफिशिएंसी (लागत दक्षता) और बेहतर सेल्स मिक्स की रणनीति का नतीजा है। मैनेजमेंट का कहना है कि 'पूरी वैल्यू चेन में लागू किए गए मज़बूत लागत दक्षता कार्यक्रम' और 'अनुकूल बिक्री मिश्रण' ने इस शानदार परफॉरमेंस में अहम भूमिका निभाई है।
ऑपरेटिंग कैश फ्लो में भी 67.1% का बड़ा इजाफा हुआ, जो ₹2,378.1 मिलियन रहा। वहीं, कैपिटल एक्सपेंडिचर (Capex) 16.4% घटकर ₹554.9 मिलियन रह गया, जिससे फ्री कैश फ्लो जनरेशन मज़बूत हुआ।
डिविडेंड और भविष्य की योजना
कंपनी ने शेयरधारकों को खुश करते हुए प्रति शेयर ₹2 के डिविडेंड (Dividend) की सिफारिश की है। साथ ही, भविष्य में लागत कम करने और स्थिरता के लक्ष्यों को पूरा करने के लिए, कंपनी ने सौर ऊर्जा (Solar Power) के लिए एक स्पेशल पर्पज व्हीकल (SPV) में ₹27.55 मिलियन का निवेश भी किया है।
कंपनी 'Huhtamaki Strategy 2030' के तहत टिकाऊ पैकेजिंग में अपनी लीडरशिप को मज़बूत करने की दिशा में काम कर रही है। निवेशक अब यह देखेंगे कि क्या कंपनी बढ़ी हुई लाभप्रदता को बनाए रख पाती है और सेल्स वॉल्यूम में फिर से उछाल आता है या नहीं।