Hindalco Industries ने बेलगावी में अपनी पहली सुपरफाइन प्रेसिपिटेटेड एल्युमीनियम ट्राईहाइड्रेट (PPT ATH) यूनिट शुरू कर दी है। इसकी सालाना क्षमता **30,000 टन** है। कंपनी इस कदम से स्पेशलिटी केमिकल्स मार्केट में अपनी पकड़ मजबूत कर रही है।
उत्पादन और क्षमता
बेलगावी, कर्नाटक में स्थित यह नया प्लांट 30,000 टन सालाना उत्पादन क्षमता के साथ शुरू हुआ है। कंपनी का इरादा इसे भविष्य में मांग के हिसाब से 60,000 टन तक दोगुना करने का है। यह प्लांट मुख्य रूप से हैलोजन-मुक्त फ्लेम रिटार्डेंट्स (Flame Retardants) बनाएगा, जिनका उपयोग इलेक्ट्रिक व्हीकल (EV) बैटरी और केबल्स में आग से सुरक्षा के लिए किया जाता है।
बिजनेस स्ट्रैटेजी और सस्टेनेबिलिटी
Hindalco अब कमोडिटी आधारित मेटल कारोबार के अलावा स्पेशलिटी केमिकल्स की ओर शिफ्ट हो रही है। इससे कंपनी की मेटल कीमतों में आने वाले उतार-चढ़ाव पर निर्भरता कम होगी और मार्जिन में सुधार की उम्मीद है। सबसे खास बात यह है कि यह प्लांट पूरी तरह से रिन्यूएबल एनर्जी (सोलर, विंड और बायोमास) पर आधारित है।
फाइनेंशियल स्थिति और रिस्क
FY27 की पहली तिमाही में कंपनी का प्रदर्शन काफी मजबूत रहा है, जिसमें रेवेन्यू ₹84,825 करोड़ और नेट प्रॉफिट ₹7,013 करोड़ रहा, जो पिछले साल के मुकाबले क्रमशः 32% और 75% अधिक है। हालांकि, कर्ज का स्तर निवेशकों के लिए चिंता का विषय हो सकता है। जून 2026 तक कंपनी का नेट डेट-टू-EBITDA रेशियो 1.95x तक पहुंच गया है, जो पिछले साल 1.02x था। अब निवेशकों की नजर इस बात पर होगी कि कंपनी स्पेशलिटी केमिकल्स के जरिए अपने मुनाफे और कर्ज को कैसे मैनेज करती है।
