Q4 में ग्रीनप्लाई इंडस्ट्रीज का प्रदर्शन: रेवेन्यू रिकॉर्ड पर, प्रॉफिट को मिला एक-मुश्त बूस्ट
Greenply Industries ने अपने इतिहास का सबसे मजबूत कंसॉलिडेटेड तिमाही रेवेन्यू पेश किया है। कंपनी के मैनेजमेंट ने कॉस्ट कटिंग और ऑपरेशनल एफिशिएंसी पर खास ध्यान दिया है, खासकर मीडियम डेंसिटी फाइबरबोर्ड (MDF) सेगमेंट में। Q4 FY26 (31 मार्च 2026 को समाप्त तिमाही) में, कंपनी का रेवेन्यू 19.6% बढ़कर ₹776.2 करोड़ हो गया। नेट प्रॉफिट पिछले साल के ₹16.5 करोड़ से बढ़कर ₹30.7 करोड़ पर पहुंच गया, जो 86.4% की बढ़ोतरी है। इस जम्प में ₹15.2 करोड़ के एक-मुश्त फायदे का बड़ा योगदान रहा। कोर EBITDA में 37% की वृद्धि देखी गई और यह ₹93.2 करोड़ रहा, जबकि EBITDA मार्जिन 100 बेसिस पॉइंट सुधरकर 12% पर आ गया। नतीजों के बाद BSE पर Greenply Industries के शेयर 3.98% चढ़कर ₹257.35 पर बंद हुए।
सेगमेंट की धांसू परफॉरमेंस और मार्केट का समीकरण
कंपनी के प्लाईवुड सेगमेंट ने ₹588.5 करोड़ का रेवेन्यू जेनरेट किया, जिसमें 14.6% की वृद्धि और 15.6% की वॉल्यूम ग्रोथ दर्ज की गई। लेकिन असली स्टार रहा MDF सेगमेंट, जिसका रेवेन्यू 39.6% बढ़कर ₹189.4 करोड़ हो गया। MDF वॉल्यूम में 45.3% का भारी उछाल आया। इस सेगमेंट के EBITDA मार्जिन में शानदार 690 बेसिस पॉइंट का इजाफा हुआ और यह 17% पर पहुंच गया। मैनेजमेंट का भरोसा है कि अगले फिस्कल ईयर में MDF मार्जिन 16% से ऊपर बना रहेगा। भारतीय रियल एस्टेट और कंस्ट्रक्शन सेक्टर में मजबूत ग्रोथ, खासकर आवासीय प्रॉपर्टी बिक्री में 19% की अनुमानित वृद्धि (FY26 में), कंपनी के लिए सकारात्मक संकेत हैं। भारतीय प्लाईवुड मार्केट में अगले 10 साल तक 5-7% सालाना ग्रोथ का अनुमान है।
निवेशकों की चिंताएं और मार्केट का रिएक्शन
हालांकि 86.4% का नेट प्रॉफिट जम्प प्रभावशाली है, लेकिन निवेशकों की नज़र ₹15.2 करोड़ के एक-मुश्त फायदे पर है, और वे इसके टिकाऊपन पर सवाल उठा रहे हैं। यह जानना महत्वपूर्ण है कि असली ऑपरेशनल प्रॉफिट ग्रोथ कितनी है। मैनेजमेंट का MDF मार्जिन 16% से ऊपर रखने का लक्ष्य प्रतिस्पर्धी माहौल और इनपुट कॉस्ट की वोलेटिलिटी के कारण चुनौतीपूर्ण हो सकता है। पिछले साल शेयर में 18.49% की गिरावट बताती है कि मार्केट को कंपनी की भविष्य की ग्रोथ या प्रॉफिटेबिलिटी को लेकर कुछ आशंकाएं हैं। हाल ही में इनकम टैक्स विभाग की सर्च और सीजर ऑपरेशंस (हालांकि अब समाप्त हो चुके हैं) भी चिंता का विषय बन सकते हैं। वहीं, पीयर Century Plyboards (India) Ltd. का 72x का P/E मल्टीपल, Greenply के 25.8x P/E की तुलना में, मार्केट की अलग उम्मीदों या परसेप्शन को दर्शाता है।
आगे की राह और एनालिस्ट्स की राय
भविष्य को देखते हुए, Greenply Industries अपने प्लाईवुड और MDF सेगमेंट में डबल-डिजिट वॉल्यूम ग्रोथ जारी रखने की उम्मीद कर रही है। कंपनी MDF मार्जिन को 16% से ऊपर बनाए रखने का लक्ष्य रखती है। बोर्ड ने ₹0.50 प्रति इक्विटी शेयर का फाइनल डिविडेंड भी सुझाया है। एनालिस्ट्स ने Greenply पर "स्ट्रॉन्ग बाय" रेटिंग दी है, और उनके औसत प्राइस टारगेट ₹314 से ₹314.80 तक के हैं, जो 25% से ज़्यादा का संभावित अपसाइड दिखा रहे हैं।
