📉 कंपनी के तिमाही नतीजे: घाटे का अंबार!
Electrotherm (India) Limited के हालिया नतीजे शेयरधारकों के लिए चिंता का सबब बन गए हैं। कंपनी ने 31 दिसंबर, 2025 को समाप्त तिमाही और नौ महीनों के लिए अपने अन-ऑडिटेड वित्तीय नतीजों में भारी नुकसान दर्ज किया है।
मुख्य आंकड़े:
- 31 दिसंबर, 2025 को समाप्त तिमाही:
- स्टैंडअलोन नेट प्रॉफिट/(लॉस) आफ्टर टैक्स: (₹35.50) करोड़ (पिछले साल की समान तिमाही में ₹88.05 करोड़ का प्रॉफिट था, यानी भारी गिरावट)।
- कंसोलिडेटेड नेट लॉस आफ्टर टैक्स: (₹35.42) करोड़।
- ऑपरेशन्स से रेवेन्यू (स्टैंडअलोन और कंसोलिडेटेड): ₹903.79 करोड़ (पिछले साल की समान अवधि के ₹1,081.23 करोड़ की तुलना में लगभग 16.4% की गिरावट)।
- 31 दिसंबर, 2025 को समाप्त नौ महीने:
- स्टैंडअलोन नेट लॉस: (₹29.54) करोड़ (पिछले साल की 9M FY24 में ₹243.15 करोड़ का प्रॉफिट था)।
- कंसोलिडेटेड नेट लॉस: (₹29.29) करोड़।
🚨 ऑडिटर की चेतावनी: 'क्वालिफाइड ओपिनियन' और 'गोइंग कंसर्न' का खतरा!
नतीजों से भी ज्यादा चिंता की बात ऑडिटर की लिमिटेड रिव्यू रिपोर्ट है, जिसने कंपनी की वित्तीय सेहत पर गंभीर सवाल उठाए हैं। ऑडिटर ने 'क्वालिफाइड ओपिनियन' दिया है, जो एक बड़ा रेड फ्लैग है।
इसका मुख्य कारण नॉन-परफॉर्मिंग एसेट (NPA) वाले लोन अकाउंट्स पर ₹1026.92 करोड़ के इंटरेस्ट (ब्याज) का प्रोविजन (प्रावधान) न करना है। इस वजह से:
- स्टैंडअलोन आधार पर, नेट लॉस को ₹37.98 करोड़ (तिमाही के लिए) और ₹110.41 करोड़ (नौ महीने के लिए) कम दिखाया गया है। कुल लायबिलिटीज ₹1026.92 करोड़ तक कम करके बताई गई हैं।
- कंसोलिडेटेड आधार पर, यह अन-प्रोविजन्ड इंटरेस्ट ₹1356.71 करोड़ है। इसका मतलब है कि नेट लॉस को ₹49.55 करोड़ (तिमाही) और ₹144.06 करोड़ (नौ महीने) कम दिखाया गया है, जबकि कुल लायबिलिटीज ₹1356.71 करोड़ तक कम करके बताई गई हैं।
इसके अलावा, ऑडिटर ने कई प्रमुख सब्सिडियरीज (सहायक कंपनियों) के 'गोइंग कंसर्न' स्टेटस पर भी बड़ी अनिश्चितता जताई है। इनमें Bhaskarpara Coal Company Limited (कोल ब्लॉक डी-एलोकेशन के कारण), Shree Ram Electrocast Limited (SARFAESI एक्ट के तहत संपत्ति की नीलामी) और Hans Ispat Limited (समझौते का रद्द होना और रिकवरी कार्यवाही) जैसी कंपनियां शामिल हैं। यह सीधे तौर पर कंपनी की भविष्य में चलते रहने की क्षमता पर संदेह पैदा करता है।
🚩 अन्य खुलासे और आगे का रास्ता
कंपनी ने ₹0.52 करोड़ के जीएसटी (GST) डिमांड के खिलाफ अपील दायर की है और नए लेबर कोड के प्रभाव के लिए ₹9.35 करोड़ का प्रोविजन बनाया है। FY2026-27 के लिए M/s. G. K. Choksi & Co. को इंटरनल ऑडिटर (आंतरिक लेखा परीक्षक) नियुक्त किया गया है।
निवेशकों के लिए चेतावनी:
Electrotherm (India) Limited गंभीर वित्तीय चुनौतियों से जूझ रही है। ऑडिटर की क्वालिफाइड ओपिनियन और सब्सिडियरीज के गोइंग कंसर्न पर गंभीर चिंताएं बड़े खतरे का संकेत हैं। निवेशकों को कंपनी द्वारा अपने बढ़ते कर्ज और परिचालन संबंधी समस्याओं, खासकर NPA लोन अकाउंट्स और सब्सिडियरीज की वित्तीय स्थिति को दूर करने के लिए उठाए जा रहे कदमों पर बारीकी से नजर रखनी चाहिए। कंसोलिडेटेड आधार पर ₹1300 करोड़ से अधिक की लायबिलिटीज को कम दिखाना, कंपनी की असली वित्तीय तस्वीर को विकृत करता है।