AM/NS India ने विशाखापत्तनम में सरकारी ITI संस्थानों को आधुनिक बनाने के लिए ₹200 करोड़ के प्रोजेक्ट का शुभारंभ किया है। यह पहल केंद्र सरकार की PM-SETU स्कीम का हिस्सा है, जिसका लक्ष्य आधुनिक इंडस्ट्री की जरूरतों के हिसाब से युवाओं को स्किल्ड बनाना है।
क्या है यह मेगा प्रोजेक्ट?
AM/NS India ने सरकारी ITI संस्थानों के कायाकल्प के लिए एक बड़े मिशन की शुरुआत की है। विशाखापत्तनम में शुरू किया गया यह ₹200 करोड़ का निवेश कुल ₹440 करोड़ के उस प्रोजेक्ट का हिस्सा है, जिसके तहत विजाग और सूरत में कुल 9 संस्थानों को अपग्रेड किया जाना है।
SPV मॉडल के जरिए काम
इस प्रोजेक्ट को मैनेज करने के लिए एक 'स्पेशल पर्पस व्हीकल' (SPV) का गठन किया गया है। इसमें AM/NS India की हिस्सेदारी 51% है, जबकि केंद्र और संबंधित राज्य सरकारों की हिस्सेदारी 24.5-24.5% है। NAMTECH प्लेटफॉर्म के जरिए इंडस्ट्री की जरूरतों के हिसाब से करिकुलम में बदलाव किए जाएंगे, ताकि छात्रों को बेहतर रोजगार मिल सके।
इन्वेस्टर और रिस्क का नजरिया
महत्वपूर्ण बात यह है कि AM/NS India, ArcelorMittal और Nippon Steel का एक प्राइवेट जॉइंट वेंचर है। यह कंपनी शेयर बाजार (NSE या BSE) पर लिस्टेड नहीं है, इसलिए रिटेल निवेशकों पर इसका सीधा असर नहीं पड़ेगा। हालांकि, पब्लिक-प्राइवेट पार्टनरशिप मॉडल होने के कारण, प्रोजेक्ट के 5 साल के क्रियान्वयन के दौरान तालमेल और सरकारी समन्वय एक बड़ी चुनौती हो सकती है। देखने वाली बात यह होगी कि क्या यह मॉडल बाकी राज्यों के लिए भी एक ब्लू-प्रिंट बन पाएगा या नहीं।
