हेल्थ-टेक कंपनी UE LifeSciences अपने iBreastExam डिवाइस को ग्लोबल लेवल पर फैलाने की तैयारी में है। Molbio Diagnostics जैसी कंपनियों के साथ पार्टनरशिप कर यह फर्म कैंसर डिटेक्शन के गैप को भरने जा रही है। बता दें कि यह कंपनी अभी प्राइवेट है और इसकी भारतीय सब्सिडियरी ने फाइनेंशियल ईयर 2025 में **₹12.9 लाख** का मुनाफा कमाया है।
मुंबई में मैन्युफैक्चरिंग हब चलाने वाली UE LifeSciences ब्रेस्ट कैंसर की शुरुआती जांच के लिए एक पोर्टेबल और रेडिएशन-फ्री डिवाइस 'iBreastExam' पर दांव लगा रही है। कंपनी ने अपनी पहुंच बढ़ाने के लिए अपने सेल्स नेटवर्क पर निर्भर रहने के बजाय बड़े हेल्थकेयर पार्टनर्स के साथ हाथ मिलाया है।
ग्लोबल विस्तार और रणनीतिक साझेदारी
सितंबर 2025 में कंपनी ने Molbio Diagnostics के साथ एक एक्सक्लूसिव डिस्ट्रीब्यूशन डील साइन की है। इस पार्टनरशिप के जरिए iBreastExam को 50 से ज्यादा देशों में ले जाने का लक्ष्य है। इसके अलावा, कंपनी ने मलेशिया की DuoPharma, अमेरिका की Siemens और थाईलैंड की Biogenetech के साथ भी करार किए हैं। यह डिवाइस बैटरी-ऑपरेटेड है और बिना इंटरनेट के भी काम करता है, जो इसे रिमोट इलाकों के लिए एक बेहतरीन विकल्प बनाता है।
वित्तीय स्थिति (Financials)
UE LifeSciences (India) Private Limited के आंकड़ों के अनुसार, फाइनेंशियल ईयर 2025 में कंपनी ने ₹14.8 करोड़ के रेवेन्यू पर ₹12.9 लाख का प्रॉफिट दर्ज किया है। निवेशकों को ध्यान रखना चाहिए कि यह प्राइवेट कंपनी है, इसलिए इसका परफॉरमेंस ग्लोबल स्तर पर पैरेंट कंपनी के निवेश की जरूरतों से अलग हो सकता है।
चुनौतियां और भविष्य की राह
फिलहाल कंपनी 12 देशों में रेगुलेटरी क्लियरेंस हासिल कर चुकी है। हालांकि, कंपनी का पूरा बिजनेस मॉडल डिस्ट्रीब्यूशन पार्टनर्स की सफलता पर टिका है। यदि पार्टनर्स स्थानीय स्तर पर डिवाइस को लोकप्रिय नहीं बना पाते, तो विस्तार धीमा पड़ सकता है। आने वाले समय में कंपनी सर्वाइकल और ओरल हेल्थ के लिए भी नए टूल्स लॉन्च करने की योजना बना रही है, जिस पर मार्केट की नजर रहेगी।
