Shanghai की StairMed Technology एक ऐसी ब्रेन-कंप्यूटर इंटरफेस (BCI) चिप बना रही है, जिसे गर्दन के ज़रिए सिर्फ **10 मिनट** में लगाया जा सकेगा। इससे खतरनाक ओपन-ब्रेन सर्जरी से बचा जा सकेगा। इस टेक स्टार्टअप ने Alibaba और Tencent जैसे बड़े नामों के साथ **1.1 अरब युआन** जुटाए हैं। हालांकि, यह तकनीक अभी शुरुआती दौर में है और सिर्फ जानवरों पर ट्रायल चल रहे हैं।
गर्दन से लगेगा दिमाग का चिप!
Shanghai की कंपनी StairMed Technology ब्रेन-कंप्यूटर इंटरफेस (BCI) को इम्प्लांट करने का एक बिल्कुल नया तरीका लेकर आई है। कंपनी एक ऐसी तकनीक पर काम कर रही है, जिसे गर्दन की नसों (vascular system) के ज़रिए लगाया जा सकेगा। इसका सबसे बड़ा फायदा यह है कि इसमें 10 मिनट जितना कम समय लग सकता है और सबसे ज़रूरी बात, दिमाग को खोलने वाली (open-skull) सर्जरी की बिल्कुल भी ज़रूरत नहीं पड़ेगी।
जानवरों पर सफल ट्रायल, इंसानों पर अभी बाकी
StairMed फिलहाल जानवरों पर इस तकनीक का परीक्षण कर रही है, और भेड़ों (sheep) पर इसके सफल ट्रायल भी हो चुके हैं। इस सिस्टम में 1 माइक्रोमीटर मोटी अल्ट्रा-फ्लेक्सिबल इलेक्ट्रोड्स का इस्तेमाल किया जा रहा है। ये इलेक्ट्रोड्स नसों से सिग्नल रिकॉर्ड करने के साथ-साथ दिमाग के टिश्यू को कम से कम नुकसान पहुंचाने के लिए डिज़ाइन किए गए हैं। यह ध्यान रखना ज़रूरी है कि इंसानों पर अभी तक कोई ट्रायल शुरू नहीं हुआ है, और इस तरीके की सेफ्टी और एफिशिएंसी को साबित करने के लिए भविष्य में क्लीनिकल स्टडीज़ का इंतज़ार करना होगा।
निवेशकों का भरोसा, जुटाए 1.1 अरब युआन
इस न्यूरो-टेक्नोलॉजी को लेकर निवेशकों में काफी उत्साह है। StairMed ने पिछले एक साल में 1.1 अरब युआन से ज़्यादा का फंड इकट्ठा किया है। मार्च में, कंपनी ने 50 करोड़ युआन की फंडिंग पूरी की, जिसका नेतृत्व Alibaba और Tencent जैसी दिग्गज टेक कंपनियों ने किया। यह फंडिंग दिखाती है कि न्यूरो-टेक्नोलॉजी सेक्टर में बड़े निवेशकों की दिलचस्पी काफी ज़्यादा है, भले ही कंपनी अभी रिसर्च और डेवलपमेंट के शुरुआती चरण में है।
चीन का बढ़ता दबदबा
यह डेवलपमेंट ऐसे समय में आया है जब चीन BCI इंडस्ट्री पर तेजी से ध्यान केंद्रित कर रहा है। चीन के रेगुलेटर्स पहले से ही एडवांस्ड न्यूरो-टेक्नोलॉजी को मंजूरी देने में रुचि दिखा रहे हैं। उदाहरण के लिए, इसी साल अप्रैल में Shanghai की ही कंपनी Neuracle को एक इनवेसिव BCI के लिए कमर्शियल अप्रूवल मिला था। इस सेक्टर में यह तेज़ी StairMed जैसी कंपनियों के लिए सकारात्मक संकेत है, हालांकि कंपनी की अपनी तकनीक अभी प्रायोगिक (experimental) स्तर पर है।
आगे की राह और जोखिम
न्यूरो-टेक्नोलॉजी के क्षेत्र में आगे बढ़ने के लिए StairMed को कई बड़ी चुनौतियों का सामना करना पड़ेगा। नाजुक नसों में चिप को सही जगह पर लगाना, शरीर के अंदर इम्प्लांट की लॉन्ग-टर्म स्टेबिलिटी सुनिश्चित करना और नसों के सिग्नल्स को सफलतापूर्वक डीकोड करना, ये सभी ऐसे मुश्किल काम हैं जिन्हें कंपनी को कमर्शियल एप्लिकेशन की ओर बढ़ने से पहले पार करना होगा। चूंकि StairMed एक प्राइवेट कंपनी है, इसके शेयर पब्लिक स्टॉक एक्सचेंज पर ट्रेड नहीं होते, यानी निवेशक अभी इक्विटी के ज़रिए इसमें निवेश नहीं कर सकते। कंपनी के प्लान किए गए ह्यूमन ट्रायल्स की प्रगति पर नज़र रखना इस इंडस्ट्री के लिए अहम होगा।
