सितंबर तिमाही में RPG Life Sciences का रेवेन्यू **16.5%** उछला है। हालांकि नेट प्रॉफिट में **37%** की गिरावट आई है, लेकिन कंपनी ने साफ किया है कि यह घाटा किसी सरकारी नियमों के कारण नहीं, बल्कि हालिया अधिग्रहण (acquisition) के खर्चों की वजह से हुआ है।
वित्त वर्ष की दूसरी तिमाही में कंपनी का ऑपरेशनल रेवेन्यू 16.5% बढ़कर ₹211.6 करोड़ पर पहुँच गया है। हालांकि, दमदार सेल के बावजूद नेट प्रॉफिट 37% गिरकर ₹23.29 करोड़ रह गया। मैनेजमेंट का कहना है कि यह गिरावट मुख्य रूप से 'Actis' और 'Raghava' के अधिग्रहण के कारण हुई वन-टाइम लागत के चलते हुई है।
कैंसर दवाओं पर रेगुलेटरी अपडेट
NPPA द्वारा 137 नॉन-शेड्यूल्ड कैंसर दवाओं पर ट्रेड मार्जिन को 30% तक सीमित करने के फैसले पर कंपनी ने चुप्पी तोड़ी है। एमडी अशोक नायर ने स्पष्ट किया कि इसका असर न्यूनतम होगा। चूंकि कंपनी पहले ही इन दवाओं को संस्थागत (institutional) कीमतों पर बेच रही थी, इसलिए मार्जिन का लाभ सीधे अस्पतालों को ट्रांसफर हो जाएगा और कंपनी के रेवेन्यू पर कोई बड़ा नकारात्मक असर नहीं पड़ेगा।
API एसेट्स और भविष्य की राह
कंपनी ने अपने पोर्टफोलियो को मजबूत करने के लिए 'RPG Active Pharma' नामक एक नया डिवीजन बनाया है। हालांकि सितंबर के अंत में डील पूरी होने के कारण इन एसेट्स का रेवेन्यू में योगदान फिलहाल केवल ₹0.5 करोड़ रहा है, लेकिन अगली तिमाही से इसके बेहतर नतीजों की उम्मीद है।
साथ ही, कंपनी ने डायबिटीज और मोटापा कम करने के लिए 'semaglutide' दवा लॉन्च की है। अब निवेशकों की नजर इस बात पर है कि अधिग्रहण का खर्च घटने और नए प्रोडक्ट लॉन्च के साथ कंपनी के मार्जिन में कितनी रिकवरी आती है।
